Meerut to Kashi Vande Bharat: मेरठ और वाराणसी (काशी) के यात्रियों के लिए एक बड़ी सौगात सामने आई है। रेलवे ने इन दोनों शहरों के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने की घोषणा कर दी है। 813 किमी की यह दूरी अब बिना किसी ट्रांसफर के तय की जा सकेगी। मेरठ से वाराणसी तक सीधी वंदे भारत ट्रेन का संचालन 28 अगस्त से शुरू होगा।
इस महत्वपूर्ण पहल का शेड्यूल भी जारी कर दिया गया है। मेरठ के सांसद और प्रसिद्ध अभिनेता अरुण गोविल ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार जताते हुए इसे ऐतिहासिक फैसला बताया। उन्होंने कहा कि यह ट्रेन धार्मिक नगरी मेरठ और काशी को जोड़ने के साथ-साथ पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश को भी नजदीक लाएगी। Meerut to Kashi Vande Bharat
सांसद अरुण गोविल का बयान- Meerut to Kashi Vande Bharat
सांसद अरुण गोविल ने बताया कि यह मांग लंबे समय से की जा रही थी। उन्होंने संसद में भी इस मुद्दे को उठाया था। “काशी और मेरठ दोनों धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण शहर हैं। इनका वंदे भारत ट्रेन से सीधा जुड़ना आम यात्रियों के लिए बहुत बड़ी राहत है,” उन्होंने कहा।
कितना समय लेगी वंदे भारत ट्रेन?- Meerut to Kashi Vande Bharat
मेरठ और काशी के बीच 813 किमी की दूरी तय करने में यह ट्रेन लगभग 11.55 घंटे का समय लेगी। मौजूदा समय में यात्रियों को इस दूरी को तय करने में 15 से 17 घंटे लग जाते हैं। वंदे भारत के शुरू होने से यात्रियों का न केवल समय बचेगा, बल्कि सफर भी आरामदायक हो जाएगा।
कब और कहां से चलेगी ट्रेन? Meerut to Kashi Vande Bharat
रेलवे द्वारा जारी किए गए शेड्यूल के अनुसार:
जाने का समय:
मेरठ सिटी स्टेशन से सुबह 6:35 बजे रवाना
मुरादाबाद – 8:40 बजे
बरेली – 10:11 बजे
लखनऊ – 1:55 बजे
अयोध्या – 3:55 बजे
वाराणसी कैंट – शाम 6:25 बजे
वापसी का समय:
वाराणसी कैंट से सुबह 9:10 बजे
अयोध्या – 11:40 बजे
लखनऊ – 1:30 बजे
बरेली – 5:15 बजे
मुरादाबाद – 6:50 बजे
मेरठ – रात 9:05 बजे
पहले लखनऊ तक ही थी सेवा
बता दें कि मेरठ से लखनऊ तक वंदे भारत एक्सप्रेस की शुरुआत 31 अगस्त 2023 को हुई थी। इस ट्रेन का वर्चुअल उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली से किया था। अब इसका विस्तार वाराणसी तक कर दिया गया है। Meerut to Kashi Vande Bharat
यात्रियों को मिलेंगी ये सुविधाएं
इस ट्रेन में अत्याधुनिक कोच, हाई-स्पीड कनेक्टिविटी, आरामदायक सीटें और ऑन-बोर्ड कैटरिंग जैसी सुविधाएं होंगी। इसका फायदा छात्रों, व्यापारियों, धार्मिक यात्रियों और पर्यटकों को मिलेगा।
Bihar Assembly Election 2025: बिहार में 2025 के विधानसभा चुनाव की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है, लेकिन इससे पहले INDIA ब्लॉक के भीतर सीट बंटवारे को लेकर खींचतान ने सियासी माहौल को गर्मा दिया है। झारखंड की सत्तारूढ़ पार्टी झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने बिहार में अपनी स्थिति को मजबूत करने के लिए कड़े तेवर अपनाए हैं। JMM ने साफ कर दिया है कि वह इस बार बिहार में ‘मेहमान’ की भूमिका में नहीं, बल्कि एक मजबूत ‘भागीदार’ के रूप में उतरना चाहती है। पार्टी ने INDIA ब्लॉक से बिहार में कम से कम 12-13 सीटों की मांग की है, लेकिन गठबंधन के नेतृत्व, खासकर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और कांग्रेस, ने अभी तक इस मांग को गंभीरता से नहीं लिया है। इससे JMM के नेता और झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन नाराज हैं, जिसने गठबंधन की एकता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। Bihar Assembly Election 2025
JMM की नाराजगी: बिहार में ‘सम्मान’ की मांग- Bihar Assembly Election 2025
JMM की नाराजगी का कारण सिर्फ सीटों की संख्या नहीं, बल्कि INDIA ब्लॉक की ‘एकतरफा’ कार्यशैली भी है। JMM प्रवक्ता मनोज पांडे ने स्पष्ट कहा, “हम किसी के मोहताज नहीं हैं। अगर गठबंधन हमें सम्मानजनक स्थान नहीं देता, तो हम बिहार में अकेले चुनाव लड़ने को तैयार हैं।” JMM का मानना है कि बिहार के झारखंड से सटे सीमावर्ती क्षेत्रों, जैसे झाझा, चकाई, कटोरिया, और बनमनखी में उसका जनाधार है। इन क्षेत्रों में आदिवासी और पिछड़ा वर्ग के मतदाता JMM के लिए संभावनाएं बढ़ाते हैं। पार्टी ने इन सीटों पर बूथ मैनेजमेंट और उम्मीदवारों की स्क्रूटनी भी शुरू कर दी है, जो उसकी गंभीरता को दर्शाता है।
झारखंड में गठबंधन, बिहार में उपेक्षा?- Bihar Assembly Election 2025
JMM की नाराजगी की एक बड़ी वजह यह है कि झारखंड में उसने RJD और कांग्रेस को सम्मानजनक सीटें दी थीं। 2024 के झारखंड विधानसभा चुनाव में JMM ने 34 सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस ने 16 और RJD ने 4 सीटें हासिल की थीं। झारखंड के संथाल परगना और कोल्हान जैसे आदिवासी बहुल क्षेत्रों में INDIA ब्लॉक ने शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें संथाल की 18 में से 17 सीटें गठबंधन के खाते में गईं। लेकिन बिहार में JMM को गठबंधन की बैठकों में शामिल नहीं किया गया, जिसे पार्टी ‘अपमान’ के रूप में देख रही है।
JMM को यह भी शिकायत है कि कांग्रेस ने झारखंड में अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं। संथाल और कोल्हान में कांग्रेस की पदयात्राएं और पंचायत सम्मेलन JMM को यह संदेश दे रहे हैं कि सहयोगी दल उसकी जमीन पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं। JMM को डर है कि यह रणनीति बिहार की तरह झारखंड में भी सीटों की मांग को बढ़ा सकती है।
RJD की अगुवाई और सीट बंटवारे की चुनौती- Bihar Assembly Election 2025
बिहार में INDIA ब्लॉक की अगुवाई RJD कर रही है, जो गठबंधन के सबसे बड़े दल के रूप में 144 सीटों पर अपनी दावेदारी रख चुकी है। कांग्रेस ने 70 सीटों की मांग की है, जबकि वाम दलों ने 30 और विकासशील इंसान पार्टी (VIP) ने 18 सीटों का दावा किया है। सूत्रों के मुताबिक, अगर पशुपति पारस की राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLJP) गठबंधन में शामिल होती है, तो उसे 3 सीटें दी जा सकती हैं। इस फॉर्मूले में JMM के लिए कोई जगह नहीं दिख रही, जिसने तनाव को और बढ़ा दिया है। Bihar Assembly Election 2025
RJD ने अब तक चार बार सीट बंटवारे पर बैठकें की हैं, लेकिन JMM को इनमें शामिल नहीं किया गया। 5 जुलाई 2025 को RJD का राष्ट्रीय अधिवेशन होने जा रहा है, जिसके बाद सीट शेयरिंग पर अंतिम फैसला संभव है। लेकिन RJD के झारखंड महासचिव कैलाश यादव ने JMM को नसीहत दी है कि वह ‘अहंकार’ में न बोले और सही मंच पर अपनी बात रखे। उन्होंने तेजस्वी यादव की लोकप्रियता का हवाला देते हुए कहा कि बिहार में RJD का ‘तूफान’ है, जिसे कोई कम नहीं आंक सकता।
कांग्रेस की कूटनीति और तटस्थ रुख- Bihar Assembly Election 2025
कांग्रेस इस विवाद में कूटनीति का रास्ता अपना रही है। झारखंड कांग्रेस के नेता केशव महतो कमलेश ने कहा, “जैसे झारखंड में हमने आपसी सहमति से फैसला लिया, वैसे ही बिहार में भी सहयोगी दल मिलकर समाधान निकालेंगे।” लेकिन कांग्रेस की यह नरम भाषा JMM की नाराजगी को शांत करने में कितनी कारगर होगी, यह देखना बाकी है। कांग्रेस ने बिहार में 40-50 सीटों की मांग की है, लेकिन 2020 में 70 सीटों पर केवल 19 जीतने के कारण RJD उसकी मांग को कम करने पर विचार कर रही है।
JMM का बिहार में प्रदर्शन: अतीत और संभावनाएं- Bihar Assembly Election 2025
JMM का बिहार में चुनावी इतिहास मिला-जुला रहा है। 2020 के विधानसभा चुनाव में JMM ने 5 सीटों पर चुनाव लड़ा और 25,213 वोट हासिल किए। 2015 में उसने 32 सीटों पर 1,03,940 वोट और 2010 में 41 सीटों पर 1,76,400 वोट प्राप्त किए थे। साल 2000 में JMM ने 85 सीटों पर चुनाव लड़ा और 13,06,152 वोट हासिल किए, जो उसका अब तक का सबसे मजबूत प्रदर्शन था। हालांकि, 2024 के लोकसभा चुनाव में JMM ने बिहार में उम्मीदवार नहीं उतारे और INDIA ब्लॉक का समर्थन किया था।
JMM का मानना है कि झारखंड से सटे बिहार के क्षेत्रों में उसका प्रभाव है, खासकर आदिवासी और पिछड़ा वर्ग के बीच। पार्टी ने झाझा, चकाई, कटोरिया, धमदाहा, और पीरपैंती जैसी सीटों पर दावेदारी ठोकी है। अगर गठबंधन में जगह नहीं मिली, तो JMM इन सीटों पर अकेले उतरने की तैयारी कर रही है, जिससे कई सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला हो सकता है।
BJP का तंज और संभावित प्रभाव- Bihar Assembly Election 2025
बीजेपी इस विवाद को भुनाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही। बीजेपी नेता आदित्य साहू ने कहा, “RJD और कांग्रेस कभी JMM को तवज्जो नहीं देंगे। वे झारखंड की सत्ता का इस्तेमाल कर रहे हैं।” बीजेपी का दावा है कि गठबंधन की यह अंतर्कलह NDA को फायदा पहुंचाएगी, जो पहले से ही बिहार में अपनी रणनीति को मजबूत कर रहा है।
झारखंड सरकार पर खतरे के बादल?- Bihar Assembly Election 2025
JMM की नाराजगी का असर सिर्फ बिहार तक सीमित नहीं रह सकता। झारखंड में JMM के 34 विधायकों के साथ सरकार चल रही है, लेकिन बहुमत के लिए 41 विधायकों की जरूरत है। कांग्रेस के 16 और RJD के 4 विधायक गठबंधन का हिस्सा हैं। अगर JMM की नाराजगी बढ़ती है, तो झारखंड में गठबंधन की एकता पर सवाल उठ सकते हैं, जिसका असर सरकार की स्थिरता पर पड़ सकता है। Bihar Assembly Election 2025
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियां जोरों पर हैं, लेकिन INDIA ब्लॉक के भीतर सीट बंटवारे का विवाद गठबंधन की राह में रोड़ा बन रहा है। JMM की 12-13 सीटों की मांग और हेमंत सोरेन की नाराजगी ने RJD और कांग्रेस के सामने चुनौती खड़ी कर दी है। 5 जुलाई को RJD के राष्ट्रीय अधिवेशन के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकती है। अगर JMM अकेले चुनाव लड़ती है, तो कई सीटों पर वोटों का बंटवारा NDA को फायदा पहुंचा सकता है। दूसरी ओर, अगर गठबंधन में सहमति बनती है, तो INDIA ब्लॉक NDA को कड़ी टक्कर दे सकता है। फिलहाल, सियासी गलियारों में यह सवाल गूंज रहा है कि क्या JMM बिहार में अपनी जमीन मजबूत कर पाएगी, या गठबंधन की खींचतान उसकी राह में बाधा बनेगी?
Kanwar Yatra Bareilly: सावन का पवित्र महीना शुरू हो चुका है और साथ ही शुरू हो गई है शिवभक्तों की कांवर यात्रा। लेकिन बरेली में यह आस्था की यात्रा जानलेवा साबित हो सकती है। टूटी-फूटी सड़कें और जगह-जगह गड्ढों ने यात्रा मार्ग को अत्यंत जोखिमपूर्ण बना दिया है। आए दिन हो रहे छोटे-बड़े हादसों ने कांवरियों की चिंता बढ़ा दी है। Kanwar Yatra Bareilly 2025
🔴 ब्रेकिंग | बरेली | कांवर यात्रा मार्ग बने खतरा, प्रशासन सख्त ▪️ बरेली में कांवर यात्रा मार्ग पर गड्ढों और टूटी सड़कों से खतरा बढ़ा ▪️ जिलाधिकारी व SSP ने तत्काल सुधार के दिए आदेश ▪️ मांस की दुकानों पर रोक, साफ-सफाई के विशेष निर्देश ▪️ हाई अलर्ट घोषित, मार्गों पर पुलिस बल तैनात… pic.twitter.com/jrQJwqQuMH
जिलाधिकारी और एसएसपी ने इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को तत्काल सुधार कार्यों का आदेश दिया है। यात्रा मार्गों को सुरक्षित, स्वच्छ और सुविधाजनक बनाने के लिए अधिकारियों को अल्टीमेटम जारी किया गया है।
प्रमुख निर्देशों में शामिल हैं:– Kanwar Yatra Bareilly
कांवर यात्रा मार्ग की तत्काल मरम्मत की जाए
गड्ढों और खराब सड़कों को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए
साफ-सफाई के विशेष इंतजाम किए जाएं
कांवर यात्रा के दौरान मांस की सभी दुकानों को पूर्णतः बंद रखा जाए
किसी भी तरह की लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई होगी
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम– Kanwar Yatra Bareilly
प्रशासन ने कांवर मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया है और पूरे मार्ग पर हाई अलर्ट घोषित किया गया है। CCTV कैमरे, मेडिकल कैंप और आपातकालीन सहायता केंद्र भी जगह-जगह लगाए जा रहे हैं। Kanwar Yatra Bareilly
शिवभक्तों से की गई अपील– Kanwar Yatra Bareilly
प्रशासन ने कांवरियों से नियमों का पालन करने और सावधानी बरतने की अपील की है। साथ ही, अधिकारियों ने कहा है कि श्रद्धालुओं का सहयोग इस यात्रा को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाएगा।
PM Modi Ghana visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इतिहास रचते हुए बुधवार को पश्चिम अफ्रीका के प्रमुख देश घाना की पहली द्विपक्षीय यात्रा की। यह यात्रा दो दिन की थी, जहां पीएम मोदी को भव्य स्वागत और उच्चतम राष्ट्रीय नागरिक सम्मान ‘ऑफिसर ऑफ द ऑर्डर ऑफ द स्टार ऑफ घाना’ से नवाजा गया। यह सम्मान उन्हें घाना के राष्ट्रपति जॉन महामा ने अकरा में एक गरिमामयी समारोह में प्रदान किया। PM Modi Ghana visit
21 तोपों की सलामी और एयरपोर्ट पर राष्ट्रपति का स्वागत– PM Modi Ghana visit
पीएम मोदी के घाना पहुंचते ही कोटोका अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उनका भव्य स्वागत हुआ। 21 तोपों की सलामी के साथ ही राष्ट्रपति महामा खुद एयरपोर्ट पर मौजूद थे, जो इस बात का संकेत था कि भारत और घाना के संबंध कितने घनिष्ठ हैं।
I thank the people and Government of Ghana for conferring ‘The Officer of the Order of the Star of Ghana’ upon me. This honour is dedicated to the bright future of our youth, their aspirations, our rich cultural diversity and the historical ties between India and Ghana.
पीएम मोदी ने इस सम्मान को भारतीय जनता को समर्पित करते हुए कहा,
"मैं इस सम्मान को 1.4 अरब भारतीयों की ओर से विनम्रता से स्वीकार करता हूं। यह हमारे युवाओं, हमारी सांस्कृतिक विविधता और भारत-घाना ऐतिहासिक संबंधों का प्रतीक है।"
भारत और घाना: लोकतंत्र और विकास के साझेदार– PM Modi Ghana visit
संयुक्त वक्तव्य में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत और घाना के संबंध साझी संस्कृति, लोकतांत्रिक मूल्यों और विकास की समान आकांक्षाओं पर आधारित हैं। उन्होंने घाना को पश्चिम अफ्रीका का “Beacon of Hope” यानी आशा की किरण बताया और उसके जीवंत लोकतंत्र की सराहना की।
प्रमुख समझौते जो द्विपक्षीय संबंधों को देंगे नई दिशा– PM Modi Ghana visit
दोनों देशों के बीच 4 प्रमुख समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए गए:
संस्कृति के आदान-प्रदान पर समझौता: कला, संगीत, नृत्य, साहित्य और विरासत के क्षेत्र में सहयोग को बढ़ावा देना।
BIS और GSA के बीच MoU: मानकीकरण और प्रमाणन के क्षेत्र में सहयोग।
ITAM और ITRA के बीच MoU: पारंपरिक चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान को साझा करना।
संयुक्त आयोग बैठक पर MoU: उच्चस्तरीय वार्ता को संस्थागत बनाने और द्विपक्षीय समीक्षा के लिए।
शिक्षा और युवाओं के लिए नए अवसर
प्रधानमंत्री मोदी ने युवाओं के लिए ITEC और ICCR स्कॉलरशिप्स को दोगुना करने की घोषणा की। इसके अतिरिक्त, एक Skill Development Center की स्थापना का भी निर्णय लिया गया ताकि घाना के युवा व्यावसायिक शिक्षा प्राप्त कर सकें। यह भारत की ‘Skill India’ पहल के अंतरराष्ट्रीय विस्तार का संकेत है।
Feed Ghana कार्यक्रम में भारत का सहयोग– PM Modi Ghana visit
कृषि क्षेत्र में भी सहयोग की पहल की गई है। प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति महामा के ‘Feed Ghana’ अभियान में भारत की ओर से तकनीकी और विकासात्मक सहयोग का आश्वासन दिया। भारत की विशेषज्ञता और घाना की संभावनाओं का यह मेल दोनों देशों के लिए लाभदायक साबित हो सकता है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में भारत की भूमिका– PM Modi Ghana visit
भारत ने घाना में जन औषधि केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव रखा, जिससे सस्ती और गुणवत्तापूर्ण दवाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी। इसके अलावा, वैक्सीन उत्पादन में भी घाना के साथ सहयोग की बात पर सहमति बनी।
आतंकवाद के खिलाफ साझा लड़ाई
दोनों देशों ने आतंकवाद के खिलाफ सहयोग को और मजबूत करने का संकल्प लिया। पीएम मोदी ने कहा,
"काउंटर टेररिज्म के क्षेत्र में हम घाना के साथ मिलकर काम करेंगे। यह वैश्विक सुरक्षा और शांति के लिए आवश्यक है।"
संयुक्त राष्ट्र में सुधारों पर सहमति
संयुक्त राष्ट्र के ढांचे में सुधार को लेकर भारत और घाना की सोच समान है। दोनों देशों ने UNSC में भारत की स्थायी सदस्यता के समर्थन की पुष्टि की और संयुक्त राष्ट्र प्रणाली को अधिक न्यायसंगत और प्रतिनिधित्वशील बनाने की आवश्यकता पर बल दिया।
भारतीय समुदाय से मुलाकात और राष्ट्रपति को आमंत्रण
पीएम मोदी ने कहा कि वे अगले दिन घाना में बसे भारतीय समुदाय से मुलाकात को लेकर उत्साहित हैं। उन्होंने राष्ट्रपति महामा को भारत आने का निमंत्रण देते हुए कहा:
"मैं आशा करता हूं कि आप भारत आएं और हमें आपके स्वागत का अवसर दें।"
प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा केवल सम्मान पाने की घटना नहीं थी, बल्कि भारत और घाना के बीच गहरे रणनीतिक, सांस्कृतिक और विकासात्मक संबंधों को नया आयाम देने वाली पहल थी। इससे पश्चिम अफ्रीका में भारत की साख बढ़ेगी और द्विपक्षीय सहयोग के नए अवसर खुलेंगे।
Noida Fake Mark Sheet Scam: उत्तर प्रदेश के नोएडा से फर्जीवाड़े का एक बड़ा नेटवर्क सामने आया है। नोएडा पुलिस की फेज-1 थाना टीम ने एक ऐसे गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो नकली मार्कशीट और डिग्री बनाकर उन्हें बेरोजगारों को मोटी रकम में बेचता था। इस रैकेट का संचालन सेक्टर-15 के एक किराए के मकान से किया जा रहा था।
🚨 BIG BREAKING | नोएडा 📚 फर्जी मार्कशीट और डिग्री बनाने वाला गिरोह बेनकाब 🧾 80 हजार से 2 लाख में बेचते थे फर्जी सर्टिफिकेट 🛑 गिरोह का सरगना और साथी गिरफ्तार 🏠 सेक्टर-15 के किराए के मकान से चला रहे थे धंधा 📂 पुलिस ने बरामद कीं 68 फर्जी मार्कशीट, 7 माइग्रेशन, 4 नकली मोहर 💻… pic.twitter.com/iH584q2BTo
गिरफ्त में आए आरोपी और बरामद दस्तावेज– Noida Fake Mark Sheet Scam
पुलिस ने इस गिरोह के सरगना अभिमन्यु गुप्ता और उसके साथी धर्मेंद्र गुप्ता को गिरफ्तार किया है। पुलिस की छापेमारी के दौरान आरोपियों के कब्जे से 68 फर्जी मार्कशीट, 7 माइग्रेशन सर्टिफिकेट, 22 रिज्यूमे, 14 प्लेन एग्जामिनेशन कॉपी, 9 डाटा शीट, 4 फर्जी मुहरें, दो लग्जरी कारें, स्कूटी, लैपटॉप, मोबाइल फोन, प्रिंटर और अन्य तकनीकी उपकरण बरामद किए गए हैं।
फर्जीवाड़े का नेटवर्क और कार्यप्रणाली– Noida Fake Mark Sheet Scam
डीसीपी नोएडा यमुना प्रसाद ने बताया कि यह गिरोह तकनीकी रूप से काफी दक्ष है। आरोपी गूगल और अन्य ऑनलाइन सोर्सेस से ग्राहक की जानकारी निकालते थे और फिर उसी के अनुसार नकली सर्टिफिकेट तैयार करते थे। वे ग्राहक की इच्छानुसार उसमें अंक, प्रतिशत, जन्मतिथि और विश्वविद्यालय का नाम भी बदल देते थे। इसके बदले में यह गिरोह 80 हजार रुपये से लेकर 2 लाख रुपये तक वसूलता था। Noida Fake Mark Sheet Scam
टारगेट में थे बेरोजगार और फेल छात्र– Noida Fake Mark Sheet Scam
यह गिरोह विशेष तौर पर बेरोजगार युवाओं, परीक्षा में असफल हुए छात्रों और उम्र की सीमा पार कर चुके नौकरी चाहने वालों को निशाना बनाता था। ये लोग ऐसे युवाओं को आसान और तेज़ रास्ता बताकर नकली डिग्रियां बेचते थे ताकि वे नौकरी पा सकें या अन्य लाभ ले सकें। Noida Fake Mark Sheet Scam
तकनीक से चलता था धंधा इस गिरोह का सरगना तकनीकी रूप से इतना सक्षम था कि वह असली जैसे दिखने वाले दस्तावेज़ बना लेता था। पुलिस को आशंका है कि यह गिरोह और भी शहरों में फैला हो सकता है और इनसे जुड़े अन्य साथी अब भी फरार हो सकते हैं। Noida Fake Mark Sheet Scam
पुलिस की सतर्कता से हुआ खुलासा पुलिस को इनपुट मिला था कि सेक्टर-15 के एक मकान में शैक्षणिक दस्तावेजों की फर्जी छपाई हो रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने छापा मारा और इस बड़े रैकेट का खुलासा कर दिया। Noida Fake Mark Sheet Scam
अधिकारियों की चेतावनी डीसीपी यमुना प्रसाद ने चेतावनी दी है कि इस प्रकार के फर्जीवाड़े में शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। इस मामले में और भी गिरफ्तारियां संभव हैं। इसके अलावा ग्राहकों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी जो इन फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर रहे थे।
नोएडा पुलिस की इस कार्रवाई ने उन लोगों को एक कड़ा संदेश दिया है जो फर्जीवाड़े के सहारे सफलता की सीढ़ियां चढ़ना चाहते हैं। साथ ही, यह एक चेतावनी भी है कि कानून से बचना अब नामुमकिन है।
Auraiya Crime News: उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में उस समय सनसनी फैल गई जब सदर कोतवाली क्षेत्र में बाल सैनिक स्कूल के पास अज्ञात बाइक सवारों ने दिनदहाड़े छात्रों पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। यह घटना उस वक्त हुई जब पीड़ित छात्र अपने दोस्तों के साथ एक बंद दुकान के बाहर बैठा था। Auraiya Crime News
🔴 BIG BREAKING | औरैया 💥 दिनदहाड़े अज्ञात बाइक सवारों ने चलाई ताबड़तोड़ गोलियां 🎯 बंद दुकान के बाहर बैठे छात्रों को बनाया निशाना 😱 गोलियों की तड़तड़ाहट से दहशत में आया इलाका 🚗 सुबह जिम से लौटते वक्त छात्र को स्कॉर्पियो सवार ने मारी थी टक्कर 📚 लाइब्रेरी से लौटने के बाद छात्र… pic.twitter.com/DCyca7bPbc
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुबह पीड़ित छात्र जिम करके लौट रहा था, तभी स्कॉर्पियो सवार ने उसे टक्कर मार दी। छात्र ने इस घटना को मामूली समझ कर छोड़ दिया। लेकिन शाम को जब वह अपने मित्रों के साथ पढ़ाई कर लाइब्रेरी से लौटकर दुकान के बाहर बैठा था, तभी अचानक बाइक सवार हमलावरों ने उस पर फायरिंग शुरू कर दी।
गोलियों की तड़तड़ाहट से मोहल्ले में दहशत- Auraiya Crime News
गोलियों की आवाज से आसपास के मोहल्ले में भगदड़ मच गई। लोग सहम गए और दुकानों के शटर गिरने लगे। गनीमत रही कि छात्र समय रहते बच निकले और कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू कर दी गई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा कर रही है।
स्थानीय लोगों में दहशत है और सवाल उठ रहा है कि आखिर अपराधियों के हौसले इतने बुलंद कैसे हो गए कि वे दिनदहाड़े ऐसी वारदात को अंजाम देने लगे।
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच तेज कर दी गई है। फिलहाल छात्र का बयान लिया जा रहा है और हमलावरों की पहचान की कोशिश की जा रही है।
Kanpur Dehat News: कानपुर देहात की भोगनीपुर तहसील के टोडरपुर गांव में शिक्षा की स्थिति बेहद चिंताजनक है। यहां के सरकारी स्कूलों की इमारत इस कदर जर्जर हो चुकी हैं कि बच्चों और शिक्षकों की जान जोखिम में है। बच्चों को खस्ताहाल कक्षाओं में पढ़ने के लिए मजबूर किया जा रहा है। कई बार तो एक ही कक्षा में दो से तीन कक्षाओं के छात्र साथ पढ़ते हैं।
स्थानीय शिक्षक और प्रिंसिपल लगातार उच्चाधिकारियों को इस स्थिति से अवगत करा चुके हैं। बीईओ स्तर तक पत्राचार और मौखिक शिकायतें की गईं, लेकिन अब तक नई बिल्डिंग के निर्माण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
🔴 कानपुर देहात ब्रेकिंग | टोडरपुर के जर्जर स्कूल 🚨 भोगनीपुर तहसील के टोडरपुर गांव में जर्जर स्कूल भवनों में पढ़ रहे हैं बच्चे 🚸 पुरानी और असुरक्षित इमारतों में रोज़ाना जान जोखिम में डाल रहे छात्र और शिक्षक 📚 एक ही कमरे में चल रही हैं कई कक्षाएं, पढ़ाई पर पड़ रहा असर 🧱… pic.twitter.com/vizo5jnlyT
सहायक इंचार्ज ने बताई ज़मीनी हकीकत– Kanpur Dehat News
विद्यालय की सहायक इंचार्ज गीता सिंह ने बताया कि कुछ समय पहले भवन की मरम्मत के लिए ₹61,000 की राशि भेजी गई थी, लेकिन इतनी कम राशि में कोई भी ठेकेदार काम करने को तैयार नहीं हुआ। परिणामस्वरूप यह बजट सरकार को वापस चला गया।
बच्चों और शिक्षकों की सुरक्षा खतरे में– Kanpur Dehat News
स्कूल की छतें टपकती हैं, दीवारों में दरारें हैं और फर्श पूरी तरह से टूटा हुआ है। इस खतरनाक माहौल में शिक्षक भी डर के साये में पढ़ा रहे हैं, वहीं बच्चे असहज और डरे हुए रहते हैं। ऐसे में पढ़ाई का स्तर गिरता जा रहा है और अभिभावक भी बच्चों को स्कूल भेजने में हिचकिचा रहे हैं।
प्रशासन की निष्क्रियता पर सवाल– Kanpur Dehat News
प्रिंसिपल और बीईओ द्वारा कई बार अनुरोध के बावजूद शिक्षा विभाग और प्रशासनिक अफसरों की ओर से गंभीर पहल नहीं की गई। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते भवन निर्माण की पहल नहीं हुई, तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
PM Modi Foreign Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार से 8 दिवसीय पांच देशों की विदेश यात्रा पर रवाना हो गए हैं, जिसका उद्देश्य अफ्रीका, लैटिन अमेरिका और कैरिबियन देशों के साथ भारत की रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना है। इस दौरे की शुरुआत पश्चिम अफ्रीकी देश घाना से हुई, जहां पीएम मोदी का यह पहला दौरा है और पिछले तीन दशकों में किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री की यह पहली आधिकारिक यात्रा है।
घाना के बाद प्रधानमंत्री मोदी त्रिनिदाद और टोबैगो, अर्जेंटीना, ब्राजील और अंत में नामीबिया की यात्रा करेंगे। इस यात्रा को वैश्विक कूटनीति की दृष्टि से भारत के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
🔴 ब्रेकिंग | PM मोदी का कूटनीतिक मिशन | एक्स पोस्ट फॉर्मेट 🚨 PM मोदी 5 देशों के दौरे पर रवाना 🌍 अफ्रीका, लैटिन अमेरिका और कैरिबियन में बढ़ेगा भारत का प्रभाव 🇬🇭 घाना में 30 वर्षों बाद किसी PM की पहली यात्रा 🤝 राष्ट्रपति महामा से द्विपक्षीय बैठकें और प्रेस वार्ता 🌐 ब्राजील में… pic.twitter.com/iQrUluz4pJ
घाना की राजधानी अकरा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कोटोका अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर IST अनुसार सुबह 8 बजे भव्य स्वागत हुआ। वे जुबली हाउस में घाना के राष्ट्रपति जॉन ड्रामानी महामा से मुलाकात करेंगे, जिसमें द्विपक्षीय वार्ताएं और एक संयुक्त प्रेस वार्ता भी शामिल है।
यह दौरा न केवल आर्थिक और राजनीतिक साझेदारी को मजबूत करेगा, बल्कि दोनों देशों के बीच ऊर्जा, रक्षा, विकास सहयोग और क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में नई संभावनाओं को भी खोलेगा।
घाना के राष्ट्रपति द्वारा पीएम मोदी के सम्मान में एक भव्य राजकीय रात्रिभोज का आयोजन किया गया है। भारत की ओर से शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे में निवेश और सहयोग की प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया जाएगा।
कैरिबियन से दक्षिण अमेरिका तक बढ़ेगा प्रभाव– PM Modi Foreign Visit
घाना के बाद प्रधानमंत्री त्रिनिदाद और टोबैगो की यात्रा करेंगे, जो भारतवंशियों की भारी आबादी वाला देश है। यहां उनकी मुलाकात राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से होगी, जिसमें भारतीय मूल के नागरिकों को जोड़ने और निवेश बढ़ाने पर जोर रहेगा।
इसके बाद पीएम मोदी अर्जेंटीना जाएंगे, जो दक्षिण अमेरिका का एक प्रमुख देश है। यहां दोनों देशों के बीच कृषि, फार्मा और अंतरिक्ष सहयोग पर बातचीत होगी। PM Modi Foreign Visit
ब्राजील में BRICS शिखर सम्मेलनब्राजील की राजधानी में 17वां BRICS सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है, जिसमें पीएम मोदी की सक्रिय भागीदारी तय है। इस सम्मेलन में ब्रिक्स देशों – ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका के प्रमुख नेता भाग लेंगे। यह मंच वैश्विक दक्षिण के मुद्दों पर समन्वय और रणनीति साझा करने का अवसर प्रदान करता है।
नामीबिया में अंतिम पड़ाव– PM Modi Foreign Visit
दौरे का अंतिम पड़ाव नामीबिया होगा, जहां भारत वन्यजीव संरक्षण, ऊर्जा क्षेत्र में निवेश और शिक्षा में साझेदारी को आगे बढ़ाएगा। नामीबिया के साथ भारत की ऐतिहासिक ‘चीता वापसी योजना’ पहले से ही चर्चित रही है।
प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा एक व्यापक कूटनीतिक प्रयास है, जो भारत को ग्लोबल साउथ के अग्रणी राष्ट्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक मजबूत कदम मानी जा रही है। इससे भारत की बहुपक्षीय भागीदारी, व्यापार और रणनीतिक संबंधों को नई ऊंचाई मिलेगी।
Varanasi Crime News: वाराणसी में मंगलवार की रात एक सनसनीखेज घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके में दहशत फैला दी। चितईपुर के सुसवाही इलाके में एक युवक ने नौकरी न मिलने की नाराजगी में एक नामी कोरियर कंपनी के मैनेजर को ऑफिस में घुसकर गोली मार दी। गोली विकास तिवारी के चेहरे पर लगी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। फिलहाल वह ट्रॉमा सेंटर के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती हैं।
🔴 वाराणसी ब्रेकिंग | कोरियर मैनेजर पर हमला | 🚨 नौकरी मांगने आया युवक बना हमलावर 🚨 कोरियर मैनेजर को ऑफिस में घुसकर मारी गोली 🚨 गोली चेहरे पर लगी, मैनेजर गंभीर रूप से घायल 🚨 वारदात के बाद आरोपी फरार, CCTV में कैद 🚨 चितईपुर पुलिस मौके पर पहुंची, घायल ट्रॉमा सेंटर में भर्ती 🚨… pic.twitter.com/aR8MQg8pw2
सूत्रों के अनुसार, बिहार के रोहतास निवासी विकास तिवारी सुसवाही स्थित प्रज्ञा नगर कॉलोनी में किराये के मकान में रहकर एक कोरियर कंपनी में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। मंगलवार रात को वह अपने गोदाम पर डिलीवरी की लिस्ट तैयार कर रहे थे, तभी एक 25 वर्षीय युवक आया और नौकरी की मांग करने लगा। विकास तिवारी ने उसे वैकेंसी नहीं होने की बात कहकर ऑनलाइन आवेदन करने की सलाह दी। Varanasi Crime News
युवक लौट गया, लेकिन कुछ ही घंटों बाद वह फिर आया। इस बार विकास अकेले थे। युवक ने तमंचा निकालकर विकास पर तान दिया और गुस्से में आकर गोली चला दी। गोली विकास की नाक और चेहरे पर लगी। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग दौड़े और पुलिस को सूचना दी। चितईपुर थाना पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायल को ट्रॉमा सेंटर भिजवाया।
CCTV में कैद आरोपी- Varanasi Crime News
घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, लेकिन उसकी तस्वीरें गोदाम में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गईं। पुलिस अब उसी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास में लगी है। डीसीपी काशी जोन गौरव बंसवाल ने बताया कि टीमें गठित कर दी गई हैं और जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा।
घटना की वजह- Varanasi Crime News
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि युवक ने सुबह भी विकास से नौकरी मांगी थी, लेकिन जब उसे टाल दिया गया, तो उसने गुस्से में आकर इस घटना को अंजाम दिया। पुलिस इस घटना को पूरी गंभीरता से ले रही है, क्योंकि यह किसी भी ऑफिस में कर्मचारियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े करता है।
क्षेत्र में दहशत का माहौल- Varanasi Crime News
घटना के बाद प्रज्ञा नगर और आस-पास के इलाकों में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं उनके लिए चिंता का विषय हैं और पुलिस को सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करना चाहिए।
🗣️ गौरव बंसवाल (डीसीपी काशी ज़ोन)
“घटना बहुत ही गंभीर है। आरोपी की पहचान सीसीटीवी से हो चुकी है। टीमों को अलर्ट पर रखा गया है और जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी।”
UP Monsoon Alert: जुलाई की शुरुआत के साथ ही उत्तर प्रदेश में मानसून ने पूरी रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में लगातार हो रही झमाझम बारिश ने मौसम को सुहावना बना दिया है। जून माह में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है जिससे तापमान में भी गिरावट आई है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है।
Realised Maximum/Minimum Temperature and Departure from Normal (In Last 24 Hours) pic.twitter.com/vMusLpuO1k
मौसम विभाग के अनुसार, 1 जून से 29 जून 2025 तक प्रदेश में औसतन 123 मिमी बारिश हुई है, जबकि सामान्य आंकड़ा 101 मिमी है। यानी इस साल जून में 22% अधिक वर्षा हुई है।
पिछले 24 घंटों की बात करें तो प्रदेश में अनुमानित 5.4 मिमी के मुकाबले 17 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से 215% ज्यादा है।
पूर्वी यूपी में यह आंकड़ा और भी प्रभावशाली है — यहां 5.6 मिमी के मुकाबले 18.9 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो 238% ज्यादा है। पश्चिमी यूपी में 5.2 मिमी के मुकाबले 14.2 मिमी बारिश रिकार्ड की गई है, जो 173% अधिक है।
भारी बारिश और वज्रपात का अलर्ट– UP Monsoon Alert
मौसम विभाग ने बुधवार के लिए प्रदेश के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश और मेघगर्जन के साथ वज्रपात की चेतावनी जारी की है। इन जिलों में बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, गाजीपुर, बलिया, श्रावस्ती, लखीमपुर खीरी, सहारनपुर, आगरा, बरेली, झांसी, ललितपुर जैसे इलाके शामिल हैं।
राजधानी लखनऊ में मंगलवार को सुबह धूप और बादलों की लुकाछिपी देखने को मिली। दोपहर बाद हल्की से मध्यम बारिश हुई, जिससे मौसम खुशनुमा हो गया। बीते 24 घंटों में लखनऊ में 8.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य से 83% अधिक है।
लखनऊ में अधिकतम तापमान 32.3°C रहा, जो सामान्य से 3 डिग्री कम है, जबकि न्यूनतम तापमान 25°C दर्ज किया गया। बुधवार को लखनऊ में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है।
— India Meteorological Department (@Indiametdept) July 2, 2025
कृषि और जनजीवन पर प्रभाव– UP Monsoon Alert
बारिश से जहां किसानों के चेहरे खिल उठे हैं, वहीं कुछ इलाकों में जलभराव की समस्याएं भी सामने आने लगी हैं। तेज बारिश ने तापमान में गिरावट लाकर लोगों को गर्मी से राहत दी है, लेकिन वज्रपात और भारी बारिश के अलर्ट से चिंता भी बढ़ी है।
ग्रामीण इलाकों में खेतों में पानी भरने से फसल को लाभ मिल सकता है, लेकिन जल प्रबंधन की कमी की वजह से नुकसान की आशंका भी बनी हुई है।
सरकार और प्रशासन की तैयारीUP Monsoon Alert
राज्य आपदा प्रबंधन विभाग (SDMA) ने सभी जिलों को अलर्ट रहने और राहत सामग्री तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी स्तर पर NDRF की टीमों को सक्रिय रहने को कहा गया है।
साथ ही, बिजली विभाग और लोक निर्माण विभाग को बिजली आपूर्ति, सड़क मार्ग और नालों की निगरानी को लेकर सतर्क रहने को कहा गया है।