Nation Now Samachar

Category: Latest

Latest

  • Pilibhit Crime News: राज्यमंत्री पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाला युवक गिरफ्तार

    Pilibhit Crime News: राज्यमंत्री पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाला युवक गिरफ्तार

    पीलीभीत: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में एक (Pilibhit Crime News) सनसनीखेज घटना ने सुर्खियां बटोरीं। स्थानीय पुलिस ने राज्यमंत्री संजय सिंह गंगवार के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। यह घटना जिले के माधोटांडा थाना क्षेत्र की है, जहां आरोपी निवासी है। पीलीभीत पुलिस ने साइबर सेल की मदद से इस मामले में त्वरित कार्रवाई की और आरोपी को हिरासत में ले लिया। Pilibhit Crime News

    जानकारी के अनुसार, युवक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर राज्यमंत्री के खिलाफ अपमानजनक और आपत्तिजनक पोस्ट साझा की थी, जिसके बाद स्थानीय लोगों और प्रशासन का ध्यान इस ओर गया। मामला गंभीर होने के कारण पीलीभीत पुलिस की साइबर सेल ने तुरंत जांच शुरू की। साइबर विशेषज्ञों ने डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण कर आरोपी की पहचान की और उसे माधोटांडा क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। Pilibhit Crime News

    पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संगीन धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है। इसके बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था के प्रति पुलिस की सख्ती का संदेश गया है। पीलीभीत के पुलिस अधीक्षक ने बताया कि सोशल मीडिया पर अफवाहें फैलाने या आपत्तिजनक सामग्री साझा करने वालों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।

    ये भी पढ़ें- GONDA WEDDING UP STF: गोंडा में यूपी STF और पुलिस बनी घराती, जानिए उदयकुमारी की ऐतिहासिक शादी की कहानी

  • Raja Raghuvanshi murder case: राजा रघुवंशी हत्याकांड में बड़ा खुलासा, गाजीपुर से गिरफ्तार हुई पत्नी सोनम, सुनिए ढाबा मालिक की जुबानी

    Raja Raghuvanshi murder case: राजा रघुवंशी हत्याकांड में बड़ा खुलासा, गाजीपुर से गिरफ्तार हुई पत्नी सोनम, सुनिए ढाबा मालिक की जुबानी

    इंदौर/गाजीपुर/शिलांग: हनीमून पर गए इंदौर के नामी ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी (Raja Raghuvanshi murder case) की हत्या और उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी के रहस्यमयी तरीके से गायब होने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। करीब दो हफ्ते से लापता सोनम 9 जून को उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के नंदगंज थाना क्षेत्र स्थित एक ढाबे पर बदहवास हालत में मिली।

    बताया जा रहा है कि सोनम ने खुद ढाबा मालिक के फोन से अपने भाई गोविंद को कॉल किया और कहा – “मैं गाजीपुर में हूं, मुझे बचा लो।” सूचना मिलने के बाद परिजन और पुलिस हरकत में आए। फिलहाल सोनम को वन स्टॉप सेंटर में रखा गया है और पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। Raja Raghuvanshi murder case

    सोनम पर हत्या की साजिश का आरोप- Raja Raghuvanshi murder case

    इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मेघालय पुलिस ने सोनम सहित चार लोगों को राजा की हत्या में गिरफ्तार किया है। पुलिस का दावा है कि सोनम ने ही राजा की हत्या की सुपारी दी थी। मेघालय पुलिस के डीजीपी स्मति इदाशीशा नोंग्रांग ने पीटीआई के हवाले से बताया कि सोनम ने इंदौर से ही सुपारी किलर को शिलांग भेजा, जिन्होंने राजा की हत्या कर दी।

    📅 पूरी घटना की टाइमलाइन:

    • 11 मई 2025: राजा और सोनम की शादी इंदौर में हुई।
    • 21 मई: कपल शिलांग पहुंचा, बालादी गेस्ट हाउस में रुके।
    • 22 मई: दोनों कीटिंग रोड पर घूमने निकले, स्कूटर किराए पर ली।
    • 23 मई: परिवार से आखिरी बार बात हुई। इसके बाद दोनों के फोन बंद हो गए।
    • 2 जून: राजा की सड़ी-गली लाश वेई सॉडोंग वाटरफॉल के पास खाई में मिली।
    • स्कूटर लावारिस हालत में पास के सोहरारिम इलाके में मिला।
    • सोनम का कोई सुराग नहीं था, परिजनों को अपहरण या तस्करी की आशंका हुई।

    सोनम का लापता होना और परिवार की आशंका

    राजा का शव मिलने के बाद सोनम का कोई सुराग नहीं था। परिवार को आशंका थी कि सोनम का अपहरण कर लिया गया है या उसे मानव तस्करी का शिकार बनाया गया हो सकता है। सोनम के भाई गोविंद रघुवंशी ने शिलांग में सर्च ऑपरेशन में हिस्सा लिया और पुलिस से बार-बार सीबीआई जांच की मांग की। परिवार ने मेघालय पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया और कहा कि अगर समय पर कार्रवाई हुई होती, तो शायद सोनम सुरक्षित मिल सकती थी।

    सोनम के पिता देवी सिंह रघुवंशी ने मेघालय पुलिस और प्रशासन पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पुलिस ने शुरू से ही इस मामले में ढिलाई बरती और सबूतों को नष्ट होने दिया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मेघालय के मुख्यमंत्री और पुलिस सोनम को फंसाने की कोशिश कर रहे हैं।

    गाजीपुर में सोनम की गिरफ्तारी

    9 जून 2025 को इस केस में एक नाटकीय मोड़ आया, जब सोनम रघुवंशी गाजीपुर के नंदगंज थाना क्षेत्र में एक ढाबे पर मिली। गाजीपुर के पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा ने बताया कि सोनम बदहवास हालत में थी और उसने काले रंग की ड्रेस पहनी थी। उसने ढाबा मालिक के फोन से अपने भाई गोविंद को कॉल करके कहा, “मैं गाजीपुर के ढाबे पर हूं, मुझे बचा लो, यहां से ले जाओ।”

    गोविंद ने तुरंत इंदौर पुलिस को सूचित किया, जिसने गाजीपुर पुलिस से संपर्क किया। पुलिस ने सोनम को ढाबे से हिरासत में लिया और वन स्टॉप सेंटर में रखा। गाजीपुर पुलिस ने बताया कि सोनम से पूछताछ शुरू की गई है, लेकिन वह घबराई हुई है और ज्यादा कुछ नहीं बता पा रही है।

    आधी रात काशी जायका ढाबे पर पहुंची सोनम, ढाबा मालिक से बातचीत

    मेघालय हत्याकांड में फरार चल रही सोनम रघुवंशी शनिवार रात करीब 1 बजे आकुशपुर स्थित काशी जायका ढाबा पर पहुंची। यहां ढाबा मालिक से फोन मांगकर उसने अपने परिजनों को कॉल किया और अपनी मौजूदगी की जानकारी दी। इसके बाद ढाबा मालिक ने भी पुलिस को इसकी सूचना दी। रात करीब 3-4 बजे के आसपास पुलिस मौके पर पहुंची और सोनम को जिला अस्पताल लेकर आई, जहां उसकी प्रारंभिक मेडिकल जांच की गई।

    मेघालय पुलिस का दावा: सोनम ने दी थी सुपारी

    मेघालय पुलिस ने इस मामले में चौंकाने वाला खुलासा किया। मेघालय के डीजीपी स्मति इदाशीशा नोंग्रांग ने दावा किया कि सोनम ने ही अपने पति राजा की हत्या की सुपारी दी थी। उनके मुताबिक, इंदौर से सुपारी किलर शिलांग भेजे गए थे, जिन्होंने इस हत्याकांड को अंजाम दिया। मेघालय पुलिस ने सोनम सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। इस दावे ने पूरे मामले को और रहस्यमयी बना दिया है।

    हालांकि, सोनम के पिता ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी बेगुनाह है और मेघालय पुलिस उसे फंसाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने सीबीआई जांच की मांग दोहराई ताकि सच्चाई सामने आ सके।

    परिवार और समाज की मांग: सीबीआई जांच

    इस मामले ने इंदौर और मेघालय में हलचल मचा दी है। राजा के भाई विपिन रघुवंशी ने केंद्र सरकार और मेघालय प्रशासन पर मामले को दबाने का आरोप लगाया। रघुवंशी समाज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर सीबीआई जांच की मांग की है। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपने की अपील की है।

  • Eid ul Adha 2025: बरेली के फरीदपुर में दिखा एकता का पवित्र उत्सव

    Eid ul Adha 2025: बरेली के फरीदपुर में दिखा एकता का पवित्र उत्सव

    फरीदपुर, बरेली। ईद उल अजहा, जिसे बकरीद के नाम से भी जाना जाता है, फरीदपुर और आसपास के क्षेत्रों में (Eid ul Adha 2025) 7 जून 2025 को पूरे जोश और शांति के साथ मनाया गया। यह पर्व न केवल कुर्बानी की भावना को दर्शाता है, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारा और मानवीय मूल्यों को भी मजबूत करता है। सुबह तड़के से ही फरीदपुर की मस्जिदों और ईदगाहों में नमाजियों की भीड़ उमड़ पड़ी। सुबह 10 बजे ईदगाह में हज़ारों लोगों ने नमाज अदा की और देश की खुशहाली, शांति और तरक्की के लिए दुआएं मांगीं। Eid ul Adha 2025

    प्यार-मोहब्बत का पैगाम- Eid ul Adha 2025

    नमाज के बाद लोग आपस में गले मिले, एक-दूसरे को बधाइयां दीं और प्यार-मोहब्बत का पैगाम बांटा। यह नजारा समाज में एकता और प्रेम की मिसाल बन गया। इस अवसर पर स्थानीय नेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया। प्रो. डॉ. अलाउद्दीन खान, नगर पालिका अध्यक्ष सराफत जरी वाले, हाजी महबूब अली खान और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने ईद की शुभकामनाएं दीं और साझी संस्कृति को बढ़ावा देने का संदेश दिया। Eid ul Adha 2025

    एसडीएम और तहसीलदार रहे मौजूद- Eid ul Adha 2025

    प्रशासन ने पर्व को शांतिपूर्ण बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। एसडीएम मल्लिका नैन, तहसीलदार सुरभि राय और सीओ संदीप सिंह के नेतृत्व में पुलिस बल ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए। इससे लोग बिना किसी डर के उत्सव में शामिल हुए। Eid ul Adha 2025

    ईद उल अजहा का असली संदेश कुर्बानी में निहित है। यह केवल पशु बलि तक सीमित नहीं, बल्कि यह अपने अंदर की बुराइयों जैसे अहंकार, नफरत और स्वार्थ को त्यागने की प्रेरणा देता है। आज के दौर में, जब समाज में तनाव और मतभेद बढ़ रहे हैं, यह पर्व हमें आपसी प्रेम और सहिष्णुता का पाठ पढ़ाता है। फरीदपुर की यह ईद सामाजिक सौहार्द का जीवंत उदाहरण बनी। Eid ul Adha 2025

    यह त्यौहार हमें याद दिलाता है कि धर्म का मकसद बांटना नहीं, जोड़ना है। ईद की खुशियां तब और बढ़ जाती हैं, जब हम इसे समाज के हर वर्ग के साथ मिलकर मनाते हैं। यह पर्व हमें सामाजिक जिम्मेदारी, भाईचारे और मानवता के प्रति समर्पण की सीख देता है। फरीदपुर में इस बार की ईद ने न केवल धार्मिक उत्साह दिखाया, बल्कि एकता और प्रेम का संदेश भी दिया।

  • Kanpur Jagannath Temple: बाबा जगन्नाथ का ये मंदिर करता है मानसून की भविष्यवाणी, पत्थर बताते हैं कैसी होगी बारिश ?

    Kanpur Jagannath Temple: बाबा जगन्नाथ का ये मंदिर करता है मानसून की भविष्यवाणी, पत्थर बताते हैं कैसी होगी बारिश ?

    कानपुर नगर: उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर में घाटमपुर तहसील के बेहटा बुजुर्ग गांव में स्थित (Kanpur Jagannath Temple) भगवान जगन्नाथ का प्राचीन मंदिर न केवल आध्यात्मिक महत्व रखता है, बल्कि यह अपने अनोखे चमत्कार के लिए भी विश्व भर में प्रसिद्ध है। यह मंदिर, जिसे स्थानीय लोग “मानसून मंदिर” भी कहते हैं, हर साल मानसून की सटीक भविष्यवाणी करता है। मंदिर के गुंबद पर लगा एक विशेष पत्थर मानसून के आगमन से 15-20 दिन पहले पानी की बूंदें टपकाने लगता है, जो बारिश की मात्रा और तीव्रता का संकेत देता है। 2025 में इस पत्थर से बूंदें पहले से ही अच्छी मात्रा में गिर रही हैं, जिससे इस साल सामान्य से अधिक बारिश की उम्मीद जताई जा रही है। Kanpur Jagannath Temple

    मंदिर का ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व- Kanpur Jagannath Temple

    कानपुर से लगभग 60 किलोमीटर दूर स्थित यह मंदिर अपनी अनूठी संरचना के लिए भी जाना जाता है। यह उड़ीसा के जगन्नाथ मंदिर से भिन्न है और बौद्ध स्तूप की तरह गोल गुंबद वाला है। मंदिर की शिल्पकला नागर शैली में है, और माना जाता है कि इसे 11वीं या 12वीं सदी में बनाया गया था। हालांकि, समय के साथ यह मंदिर क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसकी मरम्मत स्थानीय जमींदारों द्वारा कराई गई। मंदिर में भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा की काले पत्थर से बनी मूर्तियां स्थापित हैं। हर साल यहां पुरी की तर्ज पर रथ यात्रा निकाली जाती है, जिसमें हजारों श्रद्धालु शामिल होते हैं।

    Kanpur Jagannath Temple
    जगन्नाथ मंदिर में पत्थर की बूंदों का अनसुलझा रहस्य (फोटो- नेशन नाव समाचार)

    मंदिर के बाहर मोर का निशान और चक्र बना हुआ है, जो इसे ऐतिहासिक और पुरातात्विक दृष्टि से और भी खास बनाता है। पुरातत्व विभाग के अधीन यह मंदिर अपनी प्राचीनता और रहस्यमयी विशेषताओं के कारण शोधकर्ताओं और वैज्ञानिकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र रहा है।

    पत्थर की बूंदों का रहस्य- Kanpur Jagannath Temple

    मंदिर के गर्भगृह के शिखर पर लगा पत्थर साल भर सूखा रहता है, लेकिन मई के अंत या जून की शुरुआत में, जब चिलचिलाती गर्मी अपने चरम पर होती है, इस पत्थर से पानी की बूंदें टपकने लगती हैं। यह प्रक्रिया मानसून के आगमन से ठीक पहले शुरू होती है और बारिश शुरू होते ही पत्थर पूरी तरह सूख जाता है। मंदिर के पुजारी कुड़हा प्रसाद शुक्ला के अनुसार, बूंदों का आकार और मात्रा मानसून की तीव्रता का संकेत देती है। यदि बूंदें छोटी और कम होती हैं, तो बारिश कमजोर रहती है, और यदि बूंदें बड़ी और अधिक होती हैं, तो अच्छी बारिश की उम्मीद की जा सकती है। Kanpur Jagannath Temple

    Kanpur Jagannath Temple

    2025 में पत्थर से बड़ी बूंदें टपक रही हैं, और पुजारी का कहना है कि यह संकेत है कि इस साल मानसून समय पर आएगा और बारिश सामान्य से अधिक होगी। सीएसए कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विज्ञानी भी इस भविष्यवाणी से सहमत हैं। उन्होंने बताया कि 41 डिग्री सेल्सियस की भीषण गर्मी में भी पत्थर से बूंदें टपक रही थीं, जो सामान्य से अधिक वर्षा का संकेत देती हैं। Kanpur Jagannath Temple

    Kanpur Jagannath Temple
    यहां होती है बाबा जगन्नाथ की पूजा. (फोटो- नेशन नाव समाचार)

    वैज्ञानिकों की जिज्ञासा और अनसुलझा रहस्य- Kanpur Jagannath Temple

    इस मंदिर के पत्थर के चमत्कार ने देश-विदेश के वैज्ञानिकों को भी हैरान किया है। कई वैज्ञानिक और पुरातत्वविद इस रहस्य को सुलझाने की कोशिश कर चुके हैं, लेकिन अभी तक यह समझ नहीं पाए कि गर्मी के मौसम में पत्थर से पानी की बूंदें कैसे बनती हैं। कुछ का मानना है कि मंदिर की संरचना ऐसी है कि यह वातावरण की नमी को अवशोषित कर बूंदों के रूप में छोड़ती है। हालांकि, यह प्रक्रिया केवल मानसून से पहले क्यों होती है, इसका कोई वैज्ञानिक जवाब नहीं मिला है।

    स्थानीय लोग इसे भगवान जगन्नाथ का चमत्कार मानते हैं और इस भविष्यवाणी पर पूरा भरोसा करते हैं। मंदिर के 50-60 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले किसान बूंदों को देखकर अपनी फसलों की बुआई और कटाई की योजना बनाते हैं। वे मानते हैं कि यह मंदिर उनकी खेती और आजीविका का मार्गदर्शक है।

    स्थानीय लोगों और किसानों की आस्था- Kanpur Jagannath Temple

    बेहटा बुजुर्ग और आसपास के गांवों के लोग इस मंदिर को अपनी आस्था का केंद्र मानते हैं। मई के अंतिम सप्ताह में जब पत्थर से बूंदें टपकने लगती हैं, तो किसान मंदिर में विशेष पूजा-पाठ शुरू कर देते हैं। वे अच्छी फसल और समृद्धि की कामना करते हैं। 2025 में बूंदों की अच्छी मात्रा ने किसानों में उत्साह जगाया है। उनका मानना है कि इस साल फसल की पैदावार बढ़ेगी और खेती को लाभ होगा।

    मानसून 2025 की भविष्यवाणी- Kanpur Jagannath Temple

    इस साल मंदिर के पत्थर से टपक रही बूंदें स्थानीय लोगों और मौसम विज्ञानियों दोनों के लिए सकारात्मक संकेत दे रही हैं। पुजारी के अनुसार, पत्थर पूरी तरह भीगा हुआ है और बूंदों की गति तेज है, जो 10-15 दिनों में मानसून के आगमन और अच्छी बारिश का संकेत है। मौसम विज्ञानियों ने भी इस साल सामान्य से अधिक वर्षा की भविष्यवाणी की है, जो मंदिर की भविष्यवाणी के साथ मेल खाती है।

    मंदिर का पर्यटन और धार्मिक महत्व

    यह मंदिर न केवल मानसून की भविष्यवाणी के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि यह एक प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थल भी है। हर साल रथ यात्रा के दौरान हजारों श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। मंदिर की अनूठी संरचना और चमत्कारी पत्थर इसे पर्यटकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनाते हैं। पुरातत्व विभाग द्वारा संरक्षित इस मंदिर का रखरखाव नियमित रूप से किया जाता है, ताकि इसकी प्राचीनता बरकरार रहे।

    ये भी पढ़ें- NNS IMPCAT: ‘मेरा गांव मेरी आवाज’ का असर, अधिकारियों को किया गया तलब, अब इस गांव बनेगी सड़क

    सोर्स- TOI

  • NNS IMPCAT: ‘मेरा गांव मेरी आवाज’ का असर, अधिकारियों को किया गया तलब, अब इस गांव बनेगी सड़क

    NNS IMPCAT: ‘मेरा गांव मेरी आवाज’ का असर, अधिकारियों को किया गया तलब, अब इस गांव बनेगी सड़क

    कानपुर देहात: उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में नेशन नाव समाचार (NNS IMPCAT) की खबर एक बार फिर बड़ा असर हुआ है। “मेरा गांव मेरी आवाज” कार्यक्रम के तहत नेशन नाव समाचार ने जिले के अंतापुर ब्लॉक के संदलपुर गांव में सड़क समेत अन्य बुनियादी सुविधाओं का मुद्दा जोर शोर उठाया था। जिसके बाद अब जिले के आलाधिकारियों को तलब किया गया है। NNS IMPCAT

    दरअसल, कानपुर देहात के संदलपुर गांव में लंबे समय से सड़क और बुनियादी सुविधाओं की कमी एक गंभीर समस्या रही है। ग्रामीणों की शिकायतें और उपेक्षा की कहानियां अक्सर अनसुनी रह जाती थीं, लेकिन नेशन नाव समाचार के “मेरा गांव मेरी आवाज” कार्यक्रम ने इस स्थिति को बदलने का बीड़ा उठाया। इस पहल के तहत, नेशन नाव समाचार के पत्रकारों ने अंतापुर ब्लॉक के संदलपुर गांव का दौरा किया और ग्रामीणों से उनकी समस्याओं पर चर्चा की। सड़कों की खराब हालत, इंडिया मार्का हैंडपंप की रीबोरिंग में अनियमितता, और मनरेगा में मजदूरी भुगतान में गड़बड़ी जैसे मुद्दों को उजागर किया गया। NNS IMPCAT

    आला आलाधिकारियों को किया गया तलब

    इस खबर के बाद जिला प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की। अधिकारियों को तलब किया गया और ग्राम पंचायत से जवाब मांगा गया। 31 मई 2025 को जारी एक आधिकारिक पत्र में पंचायत सहायक सुखी आम्रपाली को तीन दिनों के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया। पत्र में अधूरे कार्यों, भुगतान में अनियमितता, और अन्य शिकायतों का विवरण मांगा गया। यह कदम ग्रामीणों के लिए एक बड़ी जीत है, क्योंकि अब रामपुर गांव में सड़क निर्माण का कार्य जल्द शुरू होने की उम्मीद है।

    नेशन नाव समाचार की इस पहल ने न केवल ग्रामीणों की आवाज को बुलंद किया, बल्कि प्रशासन को भी जवाबदेही के लिए मजबूर किया। यह कार्यक्रम ग्रामीण भारत में सामाजिक जागरूकता और विकास की दिशा में एक मील का पत्थर साबित हो रहा है। संदलपुर के ग्रामीण अब उम्मीद कर रहे हैं कि उनकी बुनियादी जरूरतें पूरी होंगी, और गांव में विकास की नई लहर आएगी।

    यह घटना दर्शाती है कि मीडिया और जनता की एकजुटता से सकारात्मक बदलाव संभव है। ग्राम पंचायतों को अब और पारदर्शी और जवाबदेह बनना होगा, ताकि विकास कार्य समय पर पूरे हो सकें। संदलपुर जैसे गांवों की यह कहानी अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के लिए भी प्रेरणा बन सकती है।

    ये भी पढ़ें- PM Modi Kashmir visit: पीएम मोदी का जम्मू-कश्मीर दौरा; चिनाब ब्रिज और वंदे भारत ट्रेन को दिखाई हरी झंडी

  • PM Modi Kashmir visit: पीएम मोदी का जम्मू-कश्मीर दौरा; चिनाब ब्रिज और वंदे भारत ट्रेन को दिखाई हरी झंडी

    PM Modi Kashmir visit: पीएम मोदी का जम्मू-कश्मीर दौरा; चिनाब ब्रिज और वंदे भारत ट्रेन को दिखाई हरी झंडी

    श्रीनगर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर (PM Modi Kashmir visit) के दौरे पर चिनाब ब्रिज और अंजनी पुल का उद्घाटन किया। दुनिया का सबसे ऊंचा रेलवे आर्च ब्रिज, चिनाब ब्रिज, उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेल लिंक परियोजना का हिस्सा है। यह कश्मीर घाटी को साल भर शेष भारत से जोड़ेगा और कटरा-श्रीनगर की यात्रा को मात्र 3 घंटे में पूरा करेगा। इस अवसर पर पीएम ने कटरा-श्रीनगर वंदे भारत ट्रेन को भी हरी झंडी दिखाई, जो क्षेत्र में तेज और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करेगी। PM Modi Kashmir visit

    हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद यह पीएम का पहला कश्मीर दौरा है। उन्होंने 46 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात दी, जिससे जम्मू-कश्मीर में बुनियादी ढांचे, पर्यटन और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। चिनाब ब्रिज न केवल कनेक्टिविटी में सुधार करेगा, बल्कि यह ‘दिल की दूरी और दिल्ली की दूरी’ को भी कम करेगा। यह परियोजना स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और पर्यटन को प्रोत्साहन देने में अहम भूमिका निभाएगी। PM Modi Kashmir visit

    पीएम ने अपने संबोधन में कहा कि यह रेल लिंक कश्मीर के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। चिनाब ब्रिज और वंदे भारत ट्रेन से न केवल यात्रा का समय बचेगा, बल्कि क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। यह कदम जम्मू-कश्मीर को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक बड़ा कदम है। PM Modi Kashmir visit

  • Bareilly Power Theft: बरेली में बिजली चोरी के खिलाफ सख्त कार्रवाई, 15 पर FIR, 6 लाख की वसूली

    Bareilly Power Theft: बरेली में बिजली चोरी के खिलाफ सख्त कार्रवाई, 15 पर FIR, 6 लाख की वसूली

    बरेली: फरीदपुर तहसील में विद्युत विभाग ने बिजली चोरी (Bareilly Power Theft) के खिलाफ गुरुवार को एक बड़ा अभियान चलाया। मोहल्ला परा और मोहल्ला ऊँचा में चेकिंग के दौरान 15 उपभोक्ताओं को अवैध रूप से बिजली का उपयोग करते पकड़ा गया। इनके खिलाफ विद्युत अधिनियम की धारा 135 और 138 (बी) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। इस कार्रवाई ने क्षेत्र में बिजली चोरी करने वालों के बीच हड़कंप मचा दिया। Bareilly Power Theft

    बड़े बकायेदारों के बिजली कनेक्शन काटे गए- Bareilly Power Theft

    विभाग ने जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की, उनमें रानी, शेषमणि शर्मा, यासीन खान, कालीचरन, साबरी, मुन्नी देवी, माया देवी, रघुनंदन प्रसाद, नितिन कुमार, इरफान, पप्पू, जैनेंद्र पाल सिंह, प्रदीप कुमार, जमुना देवी और मुनीष चंद्र शामिल हैं। इसके अलावा, 80 से अधिक बड़े बकायेदारों के बिजली कनेक्शन काटे गए। इस अभियान से विद्युत विभाग ने ₹6 लाख से अधिक की राजस्व वसूली की, जिससे विभागीय खजाने को काफी राहत मिली। Bareilly Power Theft

    बकाया बिलों के खिलाफ सख्ती बरती जाएगी- Bareilly Power Theft

    इस अभियान में उपकरण अधिकारी उमेश कुमार, उपखंड अधिकारी अक्षय यादव, अवर अभियंता वीरू सिंह, राम सिंह यादव, विष्णु प्रताप सिंह, सुशील मिश्रा, अजय कुमार और अन्य कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे। बिजली चोरी और बकाया बिलों के खिलाफ सख्ती बरती जाएगी। Bareilly Power Theft

    विद्युत विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे समय पर अपने बिजली बिलों का भुगतान करें और केवल वैध कनेक्शन का उपयोग करें। अवैध बिजली उपयोग न केवल गैरकानूनी है, बल्कि इससे बिजली आपूर्ति पर भी बुरा असर पड़ता है। विभाग ने चेतावनी दी है कि बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    यह अभियान बरेली में बिजली चोरी को रोकने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। स्थानीय लोगों ने इस कार्रवाई की सराहना की है और उम्मीद जताई है कि इससे बिजली व्यवस्था में सुधार होगा।

    ये भी पढ़ें- Chinnaswamy Stadium Stampede: RCB विक्ट्री परेड में भगदड़ से 11 की मौत, प्रशासन की व्यवस्था पर उठे सवाल

  • Ayodhya Ram Mandir: राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा की पहली झलक, तस्वीरों में करें भव्य दर्शन

    Ayodhya Ram Mandir: राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा की पहली झलक, तस्वीरों में करें भव्य दर्शन

    अयोध्या: 5 जून 2025 को अयोध्या का श्रीराम जन्मभूमि मंदिर एक बार फिर (Ayodhya Ram Mandir) आध्यात्मिक उत्साह और भक्ति के रंग में रंगा। इस दिन राम मंदिर के प्रथम तल पर राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा का भव्य आयोजन हुआ, जिसमें भगवान राम, माता सीता, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न और हनुमान जी की मूर्तियों को वैदिक मंत्रों के साथ स्थापित किया गया। इसके साथ ही मंदिर परिसर में सात अन्य मंदिरों की भी प्राण प्रतिष्ठा हुई, जिसने इस पावन अवसर को और भी विशेष बना दिया। Ayodhya Ram Mandir

    राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा: एक नया अध्याय- Ayodhya Ram Mandir

    राम मंदिर, जो 22 जनवरी 2024 को राम लला की प्राण प्रतिष्ठा के साथ विश्वभर में चर्चा का केंद्र बना था, अब राम दरबार की स्थापना के साथ और भी भव्य हो गया है। प्रथम तल पर स्थापित राम दरबार में भगवान राम अपने पूरे परिवार के साथ विराजमान हैं। इस ऐतिहासिक क्षण को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आयोजित किया गया, जिसने इसकी आध्यात्मिक महत्ता को और बढ़ा दिया।

    सुबह 6:30 बजे से यज्ञ मंडप में अयोध्या और काशी के 101 वैदिक आचार्यों ने वैदिक मंत्रों का जाप शुरू किया। आठ मूर्तियों को पहले शैय्याधिवास कराया गया, फिर सुबह 6:45 बजे इन्हें चेतन अवस्था में लाया गया। इसके बाद जल से स्नान और वैदिक अनुष्ठानों के साथ प्राण प्रतिष्ठा की प्रक्रिया पूरी हुई।

    CM योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति- Ayodhya Ram Mandir

    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने राम दरबार के समक्ष प्रार्थना की और प्राण प्रतिष्ठा के अनुष्ठानों में हिस्सा लिया। उनकी उपस्थिति ने इस आयोजन को और भी गरिमामय बना दिया। योगी जी ने इस अवसर पर कहा, “राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा अयोध्या के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक गौरव को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी।”

    मंदिर परिसर का भव्य स्वरूप

    राम मंदिर परिसर को इस अवसर पर फूलों और रंगों से सजाया गया था। वैदिक मंत्रों की गूंज और यज्ञ की पवित्र धूप ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। मंदिर के प्रथम तल पर राम दरबार के साथ-साथ सात अन्य मंदिरों की स्थापना ने इस परिसर को एक संपूर्ण तीर्थ स्थल का रूप दे दिया। मंदिर की नक्काशी, राजस्थानी गुलाबी बलुआ पत्थर, और मकराना मार्बल इसकी भव्यता को और बढ़ाते हैं।

    राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा का लाइव प्रसारण सोशल मीडिया, समाचार चैनलों, और अन्य माध्यमों से पूरी दुनिया तक पहुंचा। लाखों भक्तों ने ऑनलाइन और ऑफलाइन इस ऐतिहासिक क्षण का हिस्सा बनने का सौभाग्य प्राप्त किया। सोशल मीडिया पर भक्तों ने “जय सियाराम” और “राम दरबार” जैसे हैशटैग के साथ अपनी खुशी और भक्ति व्यक्त की।
    राम मंदिर न केवल एक धार्मिक स्थल है, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत का प्रतीक भी है। राम दरबार की स्थापना ने इस मंदिर को और भी पूर्णता प्रदान की है। अब भक्तों को राम लला के साथ-साथ उनके पूरे परिवार के दर्शन का अवसर मिलेगा, जो भक्ति और एकता का संदेश देता है।

  • CM Yogi Birthday: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 53वें जन्मदिन पर बधाइयों की बारिश, पीएम मोदी और अमित शाह ने दी शुभकामनाएं

    CM Yogi Birthday: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 53वें जन्मदिन पर बधाइयों की बारिश, पीएम मोदी और अमित शाह ने दी शुभकामनाएं

    लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Birthday) ने आज (5 जून 2025) अपना 53वां जन्मदिन मनाया। इस विशेष अवसर पर राजनीतिक और सामाजिक जगत से उन्हें शुभकामनाएं देने का सिलसिला जारी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती समेत देशभर की तमाम हस्तियों ने योगी आदित्यनाथ को उनके जन्मदिन पर शुभकामनाएं दी हैं। सोशल मीडिया पर #HappyBirthdayYogiJi ट्रेंड कर रहा है, जिससे लोगों की भावनाएं और समर्थन साफ नजर आ रहे हैं। CM Yogi Birthday

    पीएम मोदी ने की सराहना, ईश्वर से मांगी लंबी उम्र

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर सीएम योगी को बधाई देते हुए लिखा,

    “उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उत्तर प्रदेश को बदलने के लिए अच्छा प्रयास किए हैं, जिससे राज्य के लोगों के जीवन स्तर में सुधार हुआ है। ईश्वर उन्हें दीर्घायु और स्वस्थ जीवन प्रदान करें।” CM Yogi Birthday

    पीएम मोदी की इस बधाई के साथ, योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में चल रहे विकास कार्यों को भी राष्ट्रीय स्तर पर सराहा गया है।

    अमित शाह ने बताया जनकल्याणकारी नेतृत्व

    गृह मंत्री अमित शाह ने भी योगी आदित्यनाथ को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए लिखा,

    “मोदी जी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश की डबल इंजन सरकार जन-जन तक विकास और गरीब कल्याण के लाभ पहुंचा रही है। ईश्वर से आपके उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु जीवन की कामना करता हूं।” CM Yogi Birthday

    इस बधाई में अमित शाह ने योगी सरकार की नीतियों को जनहितकारी और राज्य की तरक्की में निर्णायक बताया।

    मायावती ने भी दी शुभकामनाएं

    बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने भी एक्स पर लिखा,

    “उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता योगी आदित्यनाथ जी को आज उनके जन्मदिन पर हार्दिक बधाई एवं दीर्घायु जीवन होने की भी शुभकामनायें।” CM Yogi Birthday

    यह बयान दर्शाता है कि राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर व्यक्तिगत अवसरों पर सद्भाव कायम रहता है।

    सीएम योगी ने किया आभार प्रकट

    सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह समेत सभी नेताओं की शुभकामनाओं के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने लिखा,

    “आपकी मंगल कामनाएं हमें लोक कल्याण के संकल्पों की सिद्धि हेतु नई प्रेरणा प्रदान करती हैं। ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास’ की भावना से प्रेरित होकर उत्तर प्रदेश को प्रगति के पथ पर आगे बढ़ाया जा रहा है।” CM Yogi Birthday

    योगी आदित्यनाथ का यह बयान बताता है कि वे व्यक्तिगत उपलब्धियों को भी जनकल्याण से जोड़कर देखते हैं।

    जन-जन का नेता बना योगी

    2017 में उत्तर प्रदेश की कमान संभालने वाले योगी आदित्यनाथ ने अपने अब तक के कार्यकाल में कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। अपराध पर अंकुश, धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा, बुनियादी ढांचे का विस्तार और सामाजिक कल्याण योजनाएं उनकी सरकार की बड़ी उपलब्धियां रही हैं। उनके सख्त प्रशासन और जनता के साथ सीधे संवाद की शैली ने उन्हें आम लोगों में लोकप्रिय बनाया है।

  • IPL 2025 Final: क्रुणाल पंड्या की जादुई गेंदबाजी ने RCB को दिलाया पहला IPL खिताब, 18 साल का इंतजार खत्म!

    IPL 2025 Final: क्रुणाल पंड्या की जादुई गेंदबाजी ने RCB को दिलाया पहला IPL खिताब, 18 साल का इंतजार खत्म!

    18 साल का लंबा इंतजार, अनगिनत निराशाएं, और प्रशंसकों की अनथक उम्मीदें (IPL 2025 Final) आखिरकार 3 जून 2025 को उस समय पूरी हुईं, जब रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने पंजाब किंग्स (PBKS) को एक रोमांचक IPL 2025 फाइनल मुकाबले में 6 रन से हराकर अपनी पहली IPL ट्रॉफी उठाई। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए इस ऐतिहासिक फाइनल में RCB की जीत के सबसे बड़े नायक रहे क्रुणाल पंड्या, जिन्होंने अपनी शानदार गेंदबाजी से न केवल मैच का रुख पलटा बल्कि प्रशंसकों के दिलों में भी जगह बना ली। यह लेख उस यादगार मुकाबले की कहानी और क्रुणाल के जादुई प्रदर्शन की पूरी डिटेल्स लेकर आया है। IPL 2025 Final

    टॉस और RCB की बल्लेबाजी: एक ठोस लेकिन चुनौतीपूर्ण स्कोर

    अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए इस फाइनल में पंजाब किंग्स के कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी। RCB की शुरुआत सलामी बल्लेबाज फिल सॉल्ट और विराट कोहली ने की। सॉल्ट ने तेजी से 18 रन बनाए, लेकिन जल्दी आउट हो गए। कोहली ने 35 गेंदों पर 43 रन की सधी हुई पारी खेली, लेकिन उनकी धीमी गति ने प्रशंसकों को थोड़ा चिंतित कर दिया। मयंक अग्रवाल ने 24 और कप्तान रजत पाटीदार ने 26 रनों की छोटी पारियां खेलीं, लेकिन कोई भी बल्लेबाज लंबी पारी नहीं खेल सका।

    लियाम लिविंगस्टोन ने 25 रन बनाकर कुछ आक्रामक शॉट्स खेले, लेकिन पंजाब के गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट लेकर RCB को बड़ा स्कोर बनाने से रोका। काइल जेमिसन ने अपनी तेज गेंदबाजी से 3 महत्वपूर्ण विकेट लिए, जिसमें सॉल्ट और पाटीदार के विकेट शामिल थे। आखिरी ओवर में अर्शदीप सिंह ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 3 विकेट चटकाए, जिसके चलते RCB 20 ओवर में 190/9 का स्कोर ही बना सकी। यह स्कोर प्रतिस्पर्धी था, लेकिन पंजाब की मजबूत बल्लेबाजी को देखते हुए इसे आसान माना जा रहा था।

    पंजाब की शुरुआत: तेज लेकिन अस्थिर

    191 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी पंजाब किंग्स ने पावरप्ले में शानदार शुरुआत की। प्रियांश आर्य और प्रभसिमरन सिंह ने पहले 6 ओवरों में 52 रन जोड़े, जिसने पंजाब को ड्राइविंग सीट पर ला दिया। लेकिन इसके बाद RCB के गेंदबाजों ने वापसी की, और इस वापसी का सबसे बड़ा नायक रहा क्रुणाल पंड्या।

    क्रुणाल पंड्या का जादुई स्पेल

    क्रुणाल पंड्या को सातवें ओवर में गेंदबाजी के लिए बुलाया गया, और उन्होंने अपने पहले ओवर में सिर्फ 3 रन देकर पंजाब की रन गति पर ब्रेक लगाया। उनकी धीमी गेंदें और सटीक लाइन-लेंथ पंजाब के बल्लेबाजों के लिए मुश्किल बन गई। अगले ओवर में सुयश शर्मा पर प्रभसिमरन और जोश इंग्लिस ने 15 रन बटोरे, लेकिन क्रुणाल ने अपने दूसरे ओवर में वापसी की और प्रभसिमरन सिंह (26) को आउट कर पंजाब को पहला बड़ा झटका दिया।

    इसके बाद रोमारियो शेपर्ड ने कप्तान श्रेयस अय्यर को सस्ते में पवेलियन भेजकर पंजाब को और दबाव में डाल दिया। क्रुणाल ने अपने तीसरे ओवर में केवल 7 रन दिए, जिसमें जोश इंग्लिस का एक छक्का शामिल था। लेकिन उनके चौथे ओवर में असली जादू देखने को मिला। क्रुणाल ने जोश इंग्लिस (जो तेजी से रन बना रहे थे) को लियाम लिविंगस्टोन के हाथों कैच आउट करवाया। क्रुणाल ने अपने 4 ओवरों में सिर्फ 17 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट लिए, जिसने पंजाब की बल्लेबाजी को पूरी तरह बिखेर दिया।

    शशांक सिंह की तूफानी पारी, लेकिन नाकाफी

    पंजाब की ओर से शशांक सिंह ने आखिरी ओवरों में ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की। उन्होंने 30 गेंदों पर 61 रन बनाए, जिसमें कई शानदार छक्के शामिल थे। खास तौर पर आखिरी ओवर में भुवनेश्वर कुमार के खिलाफ लगाए गए तीन छक्कों ने पंजाब की उम्मीदें जगा दीं। लेकिन आखिरी ओवर में 29 रनों के लक्ष्य को हासिल करना आसान नहीं था। जोश हेजलवुड ने शुरुआती दो गेंदों पर कोई रन नहीं दिया, जिसके चलते पंजाब 184/7 पर थम गया और 6 रन से हार गया।

    हेजलवुड ने भी इस मैच में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उन्होंने प्रियांश आर्य का शानदार कैच फिल सॉल्ट के हाथों करवाया और आखिरी ओवर में कसी हुई गेंदबाजी कर RCB की जीत सुनिश्चित की।

    क्रुणाल पंड्या: फाइनल के असली सितारे

    क्रुणाल पंड्या इस फाइनल के बिना शक सबसे बड़े हीरो थे। उनकी गेंदबाजी ने न केवल पंजाब की रन गति को रोका बल्कि महत्वपूर्ण मौकों पर विकेट लेकर RCB को जीत की राह दिखाई। उनकी धीमी गेंदों और विविधताओं ने पंजाब के बल्लेबाजों को पूरी तरह से उलझा दिया। क्रुणाल को उनके 4 ओवर में 17 रन देकर 2 विकेट के प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। यह दूसरा मौका था जब क्रुणाल ने IPL फाइनल में यह पुरस्कार जीता, इससे पहले 2017 में मुंबई इंडियंस के लिए उन्होंने बल्ले से शानदार प्रदर्शन किया था।

    मैच के बाद क्रुणाल ने कहा, “पिच पर धीमी गेंदें काम कर रही थीं, और मैंने उसी रणनीति को अपनाया। RCB के लिए खेलना और ट्रॉफी जीतना मेरे लिए गर्व की बात है। यह जीत हमारे प्रशंसकों की मेहनत और समर्पण का नतीजा है।”

    RCB की जीत का भावनात्मक महत्व

    RCB की यह जीत सिर्फ एक ट्रॉफी नहीं थी, बल्कि 18 साल की मेहनत, विश्वास, और प्रशंसकों की उम्मीदों का फल थी। विराट कोहली, जो इस फ्रैंचाइजी के साथ अपने करियर की शुरुआत से जुड़े हैं, मैदान पर भावुक नजर आए। उन्होंने कहा, “यह जीत मेरे लिए और प्रशंसकों के लिए बहुत मायने रखती है। हमने हर साल कोशिश की, और आज का दिन हमारे लिए सपने जैसा है।”

    कप्तान रजत पाटीदार ने भी गेंदबाजों की तारीफ की और कहा कि क्रुणाल की गेंदबाजी ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। भुवनेश्वर कुमार और हेजलवुड ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

    पंजाब की हार: कहां रह गई कमी?

    पंजाब किंग्स ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया, लेकिन फाइनल में उनकी रणनीति में कुछ कमियां नजर आईं। मिडिल ओवरों में रन गति को बनाए रखने में उनकी नाकामी और इम्पैक्ट प्लेयर के गलत इस्तेमाल ने उन्हें महंगा पड़ा। शशांक सिंह की पारी शानदार थी, लेकिन वह अकेले दम पर मैच नहीं जिता सके।