UP Weather News: उत्तर प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद मौसम ने फिर बदलाव दिखाना शुरू कर दिया है। तेज धूप और उमस के बीच मौसम विभाग ने 26 सितंबर को राज्य के कई जिलों में बारिश की संभावना जताई है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह बारिश हल्की से मध्यम हो सकती है और कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ भी हो सकती है।
राज्य के उत्तरी और मध्य हिस्सों में गर्मी और उमस का प्रभाव अधिक रहेगा, जबकि दक्षिणी जिलों में बादलों की गतिविधियों के कारण मौसम में थोड़ी राहत मिल सकती है। किसानों और आम जनता के लिए यह बारिश बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि फसलों और जलस्तर के लिए मानसून का समय पर लौटना जरूरी है।
मौसम विभाग ने लोगों से चेतावनी दी है कि तेज धूप के समय बाहर निकलते समय सावधानी बरतें और बारिश के पहले जरूरी इंतजाम कर लें। आने वाले दिनों में तापमान और बारिश के पैटर्न को लेकर नियमित अपडेट जारी किए जाएंगे।इस बदलाव के साथ यूपी में मौसम की स्थिति थोड़ी अस्थिर रहने वाली है, इसलिए सभी को स्वास्थ्य और सुरक्षा का ध्यान रखते हुए तैयारी करनी होगी।
रिपोर्टर: अमित शर्माऔरैया उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में एक अजीबोगरीब घटना सामने आई, जहां पहली पत्नी के रहते दूसरी शादी करने की जिद में एक युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ गया। करीब दो घंटे तक पुलिस और फायर बिग्रेड की टीम उसे मनाने में जुटी रही, तब जाकर वह नीचे उतरा।
मामला अयाना थाना क्षेत्र के भासौन गांव का है। यहां रहने वाला अंकुश राठौर रविवार रात करीब 9 बजे अचानक मोबाइल टॉवर पर चढ़ गया और जोर-जोर से दूसरी शादी कराने और पैसों की मांग करने लगा। देखते ही देखते मौके पर भारी भीड़ जुट गई और सूचना पुलिस तक पहुंच गई।
थानाध्यक्ष अजय कुमार और फायर ब्रिगेड की टीम परिजनों के साथ मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत और समझाने-बुझाने के बाद रात करीब 11 बजे परिजनों द्वारा 20 हजार रुपये देने का आश्वासन दिया गया, तब जाकर अंकुश नीचे उतरा।
पुलिस के मुताबिक अंकुश नशे में था। उसे सुरक्षित नीचे उतारकर काउंसलिंग के बाद परिवार के हवाले कर दिया गया। अंकुश का कहना है कि उसकी शादी वर्ष 2018 में बिहार की पुष्पा नामक युवती से हुई थी और उनकी एक बेटी भी है। लेकिन पत्नी पिछले पांच सालों से अहमदाबाद में नौकरी कर रही है और घर आने को तैयार नहीं है। इसी नाराजगी में वह दूसरी शादी करना चाहता है।
अंकुश का आरोप है कि पुलिस के कहने पर नहीं बल्कि अपने ताऊ के बेटे की बात मानकर वह नीचे उतरा था। साथ ही परिवार ने 20 हजार रुपये लौटाने का वादा किया था, जो अब तक पूरे नहीं हुए। सोमवार को भी अंकुश ने घर में कुल्हाड़ी लेकर हंगामा किया, जिससे परिवारजन दहशत में हैं।फिलहाल पुलिस ने युवक को परिजनों के सुपुर्द कर दिया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
गोरखपुर – गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की एक अनोखी छवि सामने आई, जब उन्होंने स्थानीय दुकानों पर पोस्टर चिपकाए। इस अवसर पर जनता ने उनका दिल खोलकर स्वागत किया। यह कार्यक्रम न केवल प्रचार का हिस्सा था, बल्कि स्थानीय लोगों के बीच मुख्यमंत्री की लोकप्रियता को भी दर्शाता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह दौरा गोरखपुर में विशेष रूप से आयोजित किया गया था। उन्होंने शहर के मुख्य बाजारों और दुकानों का दौरा किया। इस दौरान सीएम ने दुकानों पर पोस्टर चिपकाए, जो उनके आगामी कार्यक्रम और योजनाओं की जानकारी देने के उद्देश्य से तैयार किए गए थे।
जनता का उत्साह
सीएम योगी के आगमन पर स्थानीय जनता ने उन्हें ताली और फूलों से स्वागत किया। दुकानदारों और आम लोगों ने उनके प्रति उत्साह और सम्मान दिखाया। कई लोग कार्यक्रम के दौरान फोटो और वीडियो लेने में व्यस्त रहे।
पोस्टर चिपकाने का संदेश
यह पोस्टर चिपकाने का काम केवल प्रचार के लिए नहीं था। इसका उद्देश्य जनता तक सीधे संदेश पहुंचाना और सरकारी योजनाओं की जानकारी देना था। सीएम योगी ने खुद यह कार्य किया, जिससे उनके व्यक्तिगत जुड़ाव और जनता के प्रति समर्पण की झलक मिली।
स्थानीय प्रशासन की तैयारी
गोरखपुर प्रशासन ने इस कार्यक्रम के लिए व्यापक तैयारी की थी। सड़क मार्ग और बाजार क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था का पूरा ध्यान रखा गया। पुलिस और स्थानीय अधिकारी सुनिश्चित कर रहे थे कि कार्यक्रम में किसी प्रकार की असुविधा न हो।
मीडिया और सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया
इस कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। लोग सीएम योगी की इस पहल को सराह रहे हैं और इसे जनता के साथ सीधे संपर्क का उदाहरण बता रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में भी इसे सकारात्मक रूप से कवर किया गया है।
कार्यक्रम के अन्य पहलू
सीएम योगी ने इस दौरे के दौरान कुछ सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी। उन्होंने छोटे व्यापारियों और दुकानदारों के लिए आर्थिक और विकास योजनाओं के लाभों पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम के दौरान लोगों ने उनसे सीधे बातचीत की और अपने सुझाव दिए।गोरखपुर में सीएम योगी का यह दौरा और पोस्टर चिपकाने की पहल जनता के बीच उनकी लोकप्रियता और उनके सीधे जुड़ाव का प्रतीक है। स्थानीय लोगों का उत्साह और स्वागत इस बात का प्रमाण है कि सीएम योगी की योजनाओं और उनके काम को जनता सराहती है।यह कार्यक्रम न केवल प्रचार का हिस्सा था, बल्कि जनता के साथ सीएम योगी की नज़दीकी का भी प्रतीक बना।
कानपुर देहात – कानपुर देहात से एक सनसनीखेज खबर सामने आई है। यहाँ एक ऐसे घोटाले का खुलासा हुआ है, जिसमें मृतक जय सिंह के नाम पर सरकारी खजाने से लाखों रुपये हड़प लिए गए। इस मामले में प्रधान बृजेन्द्र सिंह यादव, उनका बेटा कपूर सिंह और सचिव की मिलीभगत सामने आई है। दावा किया जा रहा है कि DPRO विकास पटेल ने भी इस घोटाले में मिलीभगत की, जिससे यह मामला और भी गंभीर हो गया है।
मृतक को ‘जिंदा’ दिखाकर करोड़ों की लूट
जानकारी के अनुसार, जय सिंह की मृत्यु हो चुकी थी, लेकिन सरकारी रिकॉर्ड में उसे जिंदा दिखाया गया। इसके आधार पर फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए और सरकारी खजाने से लाखों रुपये ट्रांसफर किए गए। मौत के 14 महीने बाद भी फर्जी तरीके से 27,660 रुपये निकालने का खुलासा हुआ। इसके अलावा, कपूर सिंह के मोबाइल नंबर का उपयोग करके फर्जी ट्रांसफर किया गया।
शिकायतकर्ता ने किया पर्दाफाश
शिकायतकर्ता नवनीत कुमार ने इस घोटाले का पर्दाफाश किया। अदालत में शिकायत दर्ज कराई गई, और FIR करवा दी गई। इसके बावजूद DPRO विकास पटेल इस मामले में निष्क्रिय दिखे। इससे यह मामला सरकारी व्यवस्था में मिलीभगत और भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है।
फर्जी दस्तावेज और ट्रांसफर
जांच में यह सामने आया कि फर्जी दस्तावेज और फर्जी ट्रांसफर के माध्यम से जनता के पैसों को लूटा गया। यह न केवल कानूनी अपराध है बल्कि जनता के प्रति विश्वासघात भी है। इस घोटाले में शामिल लोग उच्च पदों का दुरुपयोग करके लाखों रुपये हड़पने में सफल रहे।
सामाजिक और प्रशासनिक प्रतिक्रिया
इस मामले ने कानपुर देहात की जनता में भारी गुस्सा पैदा कर दिया है। स्थानीय लोग और सोशल मीडिया उपयोगकर्ता ‘भ्रष्टाचार मुर्दाबाद’ का नारा लगा रहे हैं और सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। यदि तुरंत एक्शन नहीं लिया गया तो आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है।
कानूनी प्रक्रिया और FIR
अदालत ने शिकायतकर्ता की तहरीर के आधार पर FIR दर्ज कर ली है। इस FIR में प्रधान बृजेन्द्र सिंह यादव, उनके बेटे कपूर सिंह और सचिव के नाम शामिल हैं। जांच में यह भी पता चला है कि DPRO विकास पटेल की मिलीभगत के कारण यह घोटाला लंबा खिंच गया।
फर्जी खाता और ट्रांसफर का खेल
इस घोटाले की सबसे घिनौनी बात यह है कि मृतक जय सिंह के नाम पर 1 लाख रुपये से अधिक ट्रांसफर किए गए। मृतक के नाम पर फर्जी खाता बनाया गया और लाखों रुपये इस खाता में ट्रांसफर किए गए। यह घटना सरकारी खजाने और सिस्टम की कमजोरी को उजागर करती है।
प्रशासनिक चूक और मिलीभगत
घोटाले के मामले में प्रशासनिक चूक और DPRO की मिलीभगत पर सवाल उठ रहे हैं। अधिकारियों की निष्क्रियता ने फर्जी ट्रांसफर को संभव बनाया। विशेषज्ञों का कहना है कि यह केवल स्थानीय स्तर का मामला नहीं है बल्कि सिस्टम में व्याप्त भ्रष्टाचार का उदाहरण है।
जनता की आवाज: तुरंत कार्रवाई की मांग
जनता और सोशल मीडिया पर लोगों ने सरकार से तत्काल CBI जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। लोग चाहते हैं कि प्रधान, बेटा और सचिव को जेल में डालकर न्याय किया जाए। यह मामला यह दर्शाता है कि प्रशासनिक निगरानी और पारदर्शिता की कितनी आवश्यकता है।
भ्रष्टाचार का सामाजिक प्रभाव
ऐसे घोटाले समाज में विश्वास की कमी पैदा करते हैं। मृतक को जिंदा दिखाकर पैसा हड़पना सिर्फ आर्थिक अपराध नहीं बल्कि नैतिक और सामाजिक अपराध भी है। इससे आम जनता में भ्रष्टाचार के खिलाफ गुस्सा और असंतोष बढ़ता है।
भविष्य के कदम और सुधार
विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार के मामलों को रोकने के लिए सरकारी खजाने और ट्रांसफर सिस्टम में कड़ी निगरानी, डिजिटल सत्यापन और पारदर्शिता आवश्यक है। DPRO और अन्य अधिकारियों की मिलीभगत को रोकने के लिए सख्त कार्रवाई करनी होगी। कानपुर देहात का यह घोटाला केवल एक स्थानीय मामला नहीं है, बल्कि यह सिस्टम में व्याप्त भ्रष्टाचार, प्रशासनिक चूक और सार्वजनिक धन के दुरुपयोग का उदाहरण है। मृतक जय सिंह के नाम पर लाखों रुपये हड़पना न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि यह समाज में विश्वास और सुरक्षा की भावना को भी कमजोर करता है। अब जनता और सरकार दोनों की जिम्मेदारी है कि दोषियों को कठोर सजा दिलाई जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जाए।
रिपोर्ट दीपक सिंह मैनपुरी मैनपुरी के कोतवाली कुरावली क्षेत्र में एक नाबालिग छात्रा के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है। 18 सितंबर को बाजार आई 16 वर्षीय छात्रा को एक युवक नशीली कोल्ड ड्रिंक पिलाकर होटल ले गया।
पीड़िता की मां ने पुलिस को बताया कि उनकी पुत्री जब होश में आई तो वह अर्द्धनग्न अवस्था में थी। पास में एक युवक लेटा हुआ था। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण पीड़िता को पहले स्थानीय अस्पताल ले जाया गया। वहां से उसे सैफई अस्पताल रेफर किया गया।
स्थिति में सुधार होने के बाद पीड़िता ने परिवार को पूरी घटना की जानकारी दी। रविवार को पीड़िता की मां ने कोतवाली पहुंचकर दो युवकों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच कर रही है। घटना कुरावली के जीटी रोड स्थित होटल व्हाइट हाउस की है। वहीं, पीड़िता का आरोप है कि आरोपी और उसके परिजनों को धमका रहे हैं।
रिपोर्टर अमित शर्मा औरैया -उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद के अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के काजीपुर गांव में एक महिला को उसके पति ने पेट्रोल डालकर जला दिया।पीड़िता रुक्मिणी देवी को एंबुलेंस से सीएचसी अजीतमल लाया गया जहां पर प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया।
रुक्मिणी देवी ने अस्पताल में पुलिस को बताया कि उनके पति प्रदीप ट्रक चालक हैं रविवार शाम को वह घर आए और शराब पीने लगे। रुक्मणी ने उन्हें शराब पीने से मना किया इस पर प्रदीप ने गुस्से में बोतल में रखा पेट्रोल उन पर डाल दिया इस दौरान रुक्मणी के कपड़ों में आग लग गई।
पीड़िता की चीख पुकार सुनकर घर वाले और पड़ोसी मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसी तरह आंख पर काबू पाया घटना के समय रुक्मणी के तीन बच्चे घर में मौजूद थे। पल्लवी 5 वर्ष, अंकित 3 वर्ष और पिंकी 1 वर्ष की है
अजीतमल कोतवाली प्रभारी ललितेश त्रिपाठी ने बताया कि अभी तहरीर प्राप्त नहीं हुई है पीड़िता के बयानों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। तहरीर मिलते ही मुदकमा दर्ज कर आरोपी पति को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
Pakistan Attack: इस्लामाबाद: पाकिस्तानी आर्मी ने खैबर पख्तूनख्वा (केपी) प्रांत में भीषण बमबारी की है। पाकिस्तान के लड़ाकू विमानों की केपी के खैबर जिले में रविवार रात की गई एयर स्ट्राइक में कम से कम 30 लोगों की जान गई है। मरने वालों में बड़ी तादाद में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। वहीं इन हमलों में 35 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। पाकिस्तानी अधिकारियों और सेना ने इस हमले पर फिलहाल कोई टिप्पणी नहीं की है।
एएमयू टीवी ने स्थानीय लोगों के हवाले से बताया है कि खैबर जिले के तिराह इलाके में नागरिकों के घरों को निशाना बनाकर पाक आर्मी ने हमले किए। इससे कई घर गिर गए और घरों में सो रहे लोग मलबे के नीचे दब गए। स्थानीय लोग और बचाव दल हमले के करीब 10 घंटे बाद, सोमवार दोपहर तक भी मलबे के नीचे शवों की तलाश कर रहे हैं। ऐसे में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। घायलों को पास के अस्पताल में ले जाया गया है।
सेना ने नरसंहार किया स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट में बताया गया है कि क्षेत्र के लोगों ने इसे पाक सेना का खैबर पख्तूनख्वा में क्रूर नरसंहार करार दिया है। खासतौर से मत्रे दारा गांव में कहर बरपा है। यहां सबसे ज्यादा मौतें हुई हैं। रात के 2 बजे पाकिस्तानी वायु सेना ने तिराह घाटी में स्थित इस गांव पर JF-17 लड़ाकू विमानों से कम से कम 8 LS-6 बम गिराए हैं। इससे घर मलबे का ढेर बन गए और गहरी नींद में सोया गांव लाशों के ढेर से पट गया
रिपोर्ट: अमित शर्मा | Auraiya News – औरैया के अछल्दा थाना क्षेत्र के ग्राम ढुहल्ला निवासी संतोष सिंह के पुत्र मयंक उर्फ़ रितिक पाल (10 वर्ष) की विषैले कीड़े के काटने से मौत हो गई। रविवार को मयंक अपने पिता के साथ खेत में घास काटने गया था, जहां किसी विषैले कीड़े ने उसकी हाथ की उंगली में काट लिया।
परिजन बच्चे को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद चिचौली अस्पताल रेफर कर दिया। वहीं से शाम करीब 5 बजे उसे सैफई PGI रेफर किया गया, लेकिन परिजन सैफई नहीं ले गए और घर लेकर झाड़-फूंक करवा ली।सोमवार सुबह बच्चे की हालत बिगड़ने पर परिजन उसे पुनः CHC लेकर पहुंचे। डॉक्टर अभिचल पांडे ने उपचार शुरू किया, लेकिन इसी दौरान छात्र की मौत हो गई। सूचना पाकर थाना प्रभारी पंकज मिश्रा और पुलिस मौके पर पहुंचे और शव को पोस्टमार्टम (PM) के लिए भेज दिया।
मयंक अपने गाँव के प्राथमिक विद्यालय में कक्षा 5 का होनहार छात्र था। छात्र की मौत की खबर पर विद्यालय की प्रधानाध्यापक शकुंतला देवी ने दो मिनट का मौन रखा और लंच के बाद स्कूल की छुट्टी कर दी। मृतक की माँ विनीता देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। उसके एक छोटा भाई कार्तिक और छोटी बहन सृष्टि हैं।यह दुखद घटना बच्चों और ग्रामीणों के बीच शोक की लहर दौड़ा गई है।
ईटानगर, अरुणाचल प्रदेश। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अरुणाचल प्रदेश की राजधानी ईटानगर में एक कार्यक्रम के दौरान कहा, “जिसे किसी ने नहीं पूछा, उसे मोदी पूछता है।” इस बयान के बाद कार्यक्रम में मौजूद लोगों में उत्साह और तालियों की गड़गड़ाहट सुनाई दी। प्रधानमंत्री ने यह बात उस संदेश के तहत कही, जिसमें उन्होंने जनता की समस्याओं और उनकी जरूरतों पर सीधे ध्यान देने की प्रतिबद्धता जताई।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार हर व्यक्ति तक योजनाओं और सुविधाओं को पहुँचाने में विश्वास रखती है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि कई बार छोटे-छोटे मुद्दों पर आम लोगों को सरकारी मदद नहीं मिलती, लेकिन उनकी सरकार इसे सुनिश्चित करती है कि हर व्यक्ति की आवाज़ सुनी जाए और उसकी समस्याओं का समाधान किया जाए।
मोदी ने राज्य के विकास और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर सुधार पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर भारत में बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में बड़े बदलाव किए जा रहे हैं। साथ ही प्रधानमंत्री ने युवाओं को उद्यमिता और स्थानीय संसाधनों का उपयोग कर रोजगार सृजन की दिशा में काम करने के लिए प्रेरित किया।कार्यक्रम में उपस्थित जनता ने प्रधानमंत्री के इस संदेश को विशेष रूप से सराहा। उन्होंने बताया कि मोदी का यह बयान लोगों की समस्याओं के प्रति उनकी सजगता और व्यक्तिगत दृष्टिकोण को दर्शाता है।
प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा अरुणाचल प्रदेश में जनहितकारी योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा के लिए आयोजित किया गया था। इस दौरान उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य हर नागरिक तक सुविधाएँ और विकास की योजनाएँ पहुँचाना है।
मुरादाबाद, उत्तर प्रदेश। नवरात्र के शुभ अवसर से पहले मुरादाबाद के थाना मुगलपुरा क्षेत्र स्थित प्राचीन माता काली मंदिर पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गई। हजारों की संख्या में लोग सुबह से ही दर्शन के लिए मंदिर के बाहर कतार में खड़े थे। श्रद्धालुओं का कहना था कि यह मंदिर काफी प्राचीन है और माता रानी सच्ची निष्ठा और भावनाओं के साथ लाए गए मनोकामनाओं को पूर्ण करती हैं।
मंदिर में तैनात पुजारी ने बताया कि यह मंदिर लगभग 400 वर्ष पुराना है और यहाँ मातारानी, शिव, शनिदेव, विष्णु देव सहित कई देवी-देवताओं की मूर्तियाँ स्थापित हैं। मंदिर की सबसे खास बात यह है कि यहाँ की एक जोत पिछले 70 वर्षों से लगातार जली हुई है, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व रखती है।
महंत और पुजारी की बातें
महंत रामगिरी ने बताया कि मुरादाबाद एवं आसपास के श्रद्धालु नवरात्र के दौरान विशेष आस्था और श्रद्धा के साथ मंदिर में दर्शन करने आते हैं। उनका कहना है कि सनातन धर्म में यह पर्व अत्यंत महत्वपूर्ण है और सभी धर्मालंबियों को इस अवसर पर माता रानी के दर्शन अवश्य करने चाहिए। पंडित अनुदक्षित ने भी कहा कि यदि कोई व्यक्ति मंदिर तक नहीं पहुँच पाता तो अपने घर में माता रानी के नाम से एक जोत जलाकर सेवा कर सकता है।
प्रशासन और सरकार की सराहना
श्रद्धालुओं ने पुलिस प्रशासन, उत्तर प्रदेश सरकार और केंद्र की मोदी सरकार की भी तारीफ की कि मंदिर परिसर में सुरक्षा और व्यवस्था बेहतर बनाए रखी गई। सुबह से ही हजारों श्रद्धालु मंदिर में दर्शन के लिए कतार में खड़े थे, और यह दृश्य दर्शाता है कि नवरात्र जैसे पर्वों पर धार्मिक भावनाएँ कितनी प्रबल होती हैं।