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  • कानपुर देहात: आंगनबाड़ी भर्ती में बड़ा खेल! एक ही दिन में तीन आय प्रमाण पत्र जारी- ANGANWADI RECRUITMENT SCAM

    कानपुर देहात: आंगनबाड़ी भर्ती में बड़ा खेल! एक ही दिन में तीन आय प्रमाण पत्र जारी- ANGANWADI RECRUITMENT SCAM

    कानपुर देहात: जनपद के रसूलाबाद क्षेत्र में आंगनबाड़ी भर्ती में भारी फर्जीवाड़े (ANGANWADI RECRUITMENT SCAM) का मामला सामने आया है. रहीम नगर की अभ्यर्थी कंचन देवी के लिए एक ही दिन में तीन अलग-अलग आय प्रमाण पत्र जारी किए गए. लेखपाल मुस्तफा हुसैन और रविंद्र द्वारा जारी इन प्रमाण पत्रों ने पूरे भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं.

    इतना ही नहीं, लेखपाल रविंद्र ने निराला नगर से एक तीसरा आय प्रमाण पत्र भी जारी किया. इस खुलासे के बाद भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्षता को लेकर संदेह और गहराया है. मेरिट सूची में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली संध्या देवी ने जिला प्रशासन से इसकी शिकायत की, जिसमें उन्होंने कंचन देवी को अपात्र बताया.

    अपात्र को मिली नियुक्ति

    शिकायतकर्ता संध्या देवी का आरोप है कि कंचन देवी के पति बृजेंद्र कुमार नागपुर एनटीपीसी में कार्यरत हैं और उनका मासिक वेतन 70,000 रुपये है. उनके परिवार के पास बिल्हौर रोड पर पक्की दुकानें, एक पक्का मकान, 50 बीघा कृषि भूमि, दो चार पहिया वाहन, एक बाइक और दो लाइसेंसी शस्त्र भी हैं. इतनी संपत्ति और आय के बावजूद कंचन देवी को गरीबी रेखा से नीचे (BPL) के प्रमाण पत्र पर नियुक्ति दे दी गई.

    विधवा ने लगाए धांधली के आरोप

    विधवा अभ्यर्थी अंजू देवी, सरोजनी देवी, राजबेटी सहित कई अन्य महिलाओं ने भी चयन प्रक्रिया में धांधली का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि वे वास्तविक रूप से पात्र थीं और उनके पास आय का कोई स्थायी स्रोत नहीं है. उनके छोटे-छोटे बच्चों की परवरिश की जिम्मेदारी अकेले उनके ऊपर है, लेकिन फिर भी उन्हें नजरअंदाज कर दिया गया.

    वीडियो से खुला भर्ती में गड़बड़ी का राज

    चयनित महिला कंचन देवी के ससुर का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें भर्ती प्रक्रिया में अनियमितताओं का खुलासा हुआ है. वीडियो में स्वीकार किया गया है कि भर्ती में “पहले से तय नामों” को आगे बढ़ाया गया और असली जरूरतमंदों को बाहर कर दिया गया.

    SDM ने दिए जांच के आदेश

    उप जिलाधिकारी (SDM) सर्वेश कुमार ने पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं. उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता के पास सभी आवश्यक प्रमाण पत्र और वीडियो साक्ष्य मौजूद हैं. जांच के बाद दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन का कहना है कि सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस नीति’ के तहत भ्रष्टाचार को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

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