Nation Now Samachar

Tag: Kanpur Dehat

  • भोगनीपुर: गुलौली की सराय में मुख्य रास्ता तबाही की कगार पर, कीचड़ और गंदे पानी से ग्रामीण परेशान,बच्चे-बुजुर्ग घायल होने का खतरा

    भोगनीपुर: गुलौली की सराय में मुख्य रास्ता तबाही की कगार पर, कीचड़ और गंदे पानी से ग्रामीण परेशान,बच्चे-बुजुर्ग घायल होने का खतरा

    कानपुर देहात के भोगनीपुर क्षेत्र के मलासा ब्लॉक स्थित गुलौली ग्राम पंचायत के मजरा सराय में मुख्य रास्ते की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है। यह मार्ग पूरी तरह टूट चुका है और हमेशा कीचड़ से भरा रहता है, जिसके कारण ग्रामीणों को रोजमर्रा के आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

    स्थानीय निवासी रामखेलावन, राजू और सरवन ने बताया कि यह गांव का मुख्य मार्ग है, जिससे बच्चों, महिलाओं, बुजुर्गों और दैनिक मजदूरी करने वालों का आना-जाना होता है। लेकिन सड़क पर फैले कीचड़ और गड्ढों में भरे गंदे पानी के कारण लोग हर दिन गिरने का जोखिम झेलते हैं। उन्होंने बताया कि स्कूल जाने वाले बच्चे अक्सर फिसलकर गिर जाते हैं, जिससे कई बार चोट भी लग जाती है।

    ग्रामीणों के अनुसार, बारिश में स्थिति और भी भयावह हो जाती है। गंदा पानी लंबे समय तक जमा रहता है और सड़क चलने लायक नहीं बचती। गाँव में दुर्गंध और मच्छरों का फैलाव बढ़ गया है। कीचड़ और जलभराव बीमारी की आशंका भी बढ़ा रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ महीनों में बुखार, त्वचा संक्रमण और पेट संबंधी रोग बढ़े हैं।

    एक दिव्यांग महिला ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि उन्हें हर दिन गंदे पानी और कीचड़ से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे घर से बाहर निकलना बेहद मुश्किल हो जाता है। उन्होंने बताया, “हमारे लिए यह रास्ता जीवन-जोखिम बन चुका है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही।”ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस समस्या की शिकायत कई बार अधिकारियों और संबंधित विभागों को की गई, लेकिन कोई भी अधिकारी मौके पर स्थिति देखने तक नहीं आया। इससे ग्रामीणों में नाराजगी और चिंता बढ़ती जा रही है।

  • औरैया में भीषण सड़क हादसा: तेज रफ्तार कार खड्ड में पलटी, एक की मौत, तीन गंभीर घायल

    औरैया में भीषण सड़क हादसा: तेज रफ्तार कार खड्ड में पलटी, एक की मौत, तीन गंभीर घायल

    लोकेशन: बेला (औरैया), रिपोर्टर: अमित शर्मा औरैया से दर्दनाक सड़क हादसे की खबर सामने आई है, जहां तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड्ड में पलट गई। हादसे में एक युवक की मौके पर मौत हो गई जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।


    घटना बेला-कानपुर मार्ग पर बुधवार देर रात बरकसी मोड़ के पास हुई। जानकारी के मुताबिक, कार में सवार युवक शिवली क्षेत्र के निवासी थे और अपने मित्र आरिफ की शादी में शामिल होने के लिए ग्राम मल्होसी आए थे। देर रात करीब 12 बजे शादी से लौटते समय उनकी कार अनियंत्रित होकर गहरी खड्ड में जा गिरी।कार चला रहे युवक की पहचान चंदन उर्फ अंकित पुत्र जीवननाथ निवासी थाना शिवली के रूप में हुई है।

    वहीं, कार में सवार अन्य युवक अभिषेक पुत्र मोहन सिंह निवासी शंकर नगर मैन बाजार शिवली, गोलू पुत्र शिवकुमार जाटव निवासी जबहार नगर शिवली, और मयंक निवासी पिलाहाड़ी बताए गए हैं।हादसे में गोलू गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे जिला अस्पताल चिचोली ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।


    घटना की सूचना मिलते ही थाना बेला अध्यक्ष गंगादास गौतम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और राहत कार्य कराया। पुलिस ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया तथा वाहन को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।स्थानीय लोगों के मुताबिक, हादसे के वक्त कार की रफ्तार काफी तेज थी, जिसके कारण चालक नियंत्रण खो बैठा और वाहन सड़क किनारे बने गहरे खड्ड में जा गिरा।

  • Kanpur Dehat: समाजसेवी प्रहलाद सचान की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत, पटेल चौक के पास हुआ एक्सीडेंट

    Kanpur Dehat: समाजसेवी प्रहलाद सचान की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत, पटेल चौक के पास हुआ एक्सीडेंट

    Kanpur Dehat: पुखरायां के झांसी-कानपुर हाईवे पर सोमवार दोपहर एक भीषण सड़क हादसे में क्षेत्र के जाने-माने समाजसेवी प्रहलाद सचान की मौत हो गई। यह हादसा भोगनीपुर कोतवाली क्षेत्र के पटेल चौक के पास हुआ, जिसके बाद जरेलापुर गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

    परिजनों के अनुसार, सोमवार दोपहर प्रहलाद सचान किसी काम से पुखरायां जा रहे थे। तभी रास्ते में गिट्टी से भरे एक ट्राले की चपेट में आने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसा इतना दर्दनाक था कि आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

    मृतक के पुत्र मनीष उर्फ सिंपल ने बताया कि उनके पिता सामाजिक कार्यों में हमेशा आगे रहते थे और क्षेत्र में हर वर्ग के लोगों की मदद करते थे। मंगलवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद जब शव जरेलापुर गांव लाया गया, तो पूरा गांव शोक में डूब गया। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल था।

    मृतक के आवास पर उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री राकेश सचान, भाजपा जिलाध्यक्ष रेणुका सचान, पालिकाध्यक्ष पूनम दिवाकर, करुणा शंकर दिवाकर, शेख मोहम्मद और विजय सचान सहित अनेक भाजपा कार्यकर्ता पहुंचे और परिवार को ढांढस बंधाया।

    इसके साथ ही कांग्रेस नेता नीतम सचान, सांसद नारायण दास अहिरवार (जालौन-गरौठा-भोगनीपुर) और सपा नेता नरेंद्रपाल सिंह उर्फ मनु यादव ने भी शोक संवेदना व्यक्त की। राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक वर्गों के लोगों ने कहा कि प्रहलाद सचान का निधन क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है।स्थानीय लोगों की मांग है कि प्रशासन इस दुर्घटना स्थल पर स्पीड ब्रेकर और चेतावनी संकेतक बोर्ड लगवाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

  • Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध, रोड जाम कर सरकार से स्कूल दोबारा खोलने की मांग

    Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध, रोड जाम कर सरकार से स्कूल दोबारा खोलने की मांग

    कानपुर देहात (Kanpur Dehat)– उत्तर प्रदेश में 50 से कम छात्र संख्या वाले प्राथमिक विद्यालयों को बंद कर मर्ज किए जाने के सरकार के फैसले का विरोध तेज हो गया है।इसी क्रम में दुजापुर गांव के ग्रामीणों ने बच्चों और अभिभावकों के साथ मिलकर रोड जाम कर प्रदर्शन किया, और सरकार से विद्यालय को पुनः खोलने की मांग की।

    Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध

    क्या है मामला?

    • सरकार ने कम छात्र संख्या वाले विद्यालयों को बंद कर अन्य स्कूलों में मर्ज करने का आदेश दिया है
    • दुजापुर का विद्यालय बंद कर 3 किमी दूर रतापुर गांव में मर्ज कर दिया गया है
    • ग्रामीणों का आरोप है कि छोटे बच्चों को रोज़ 3 किमी जाना जोखिम भरा है Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध

    दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं:

    • एक बच्ची का दुर्घटना में हाथ टूट गया
    • एक अन्य बच्चे के पैर में गंभीर चोट आई
    • हाईवे पर हैवी वाहनों की वजह से बच्चों की जान खतरे में है
    • Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध

    ग्रामीणों का सीधा सवाल

    शराब के ठेके तो गांव-गांव चालू हैं, लेकिन बच्चों के स्कूल बंद किए जा रहे हैं। ये कैसा विकास?

    हाईकोर्ट का फैसला

    • शिक्षकों की याचिका पर हाईकोर्ट ने सरकार के मर्जिंग फैसले को सही ठहराया
    • लेकिन जमीन पर ग्रामीणों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता गहराई है

    🎓 सरकारी स्कूल बनाम प्राइवेट शिक्षा:

    • सरकारी स्कूलों में मिड डे मील, मुफ्त किताबें, ड्रेस, प्रशिक्षित शिक्षक होने के बावजूद
    • गांवों में स्कूल कम, और कस्बों में प्राइवेट स्कूलों की संख्या बढ़ती जा रही है
    • नीति बनाम जमीनी सच्चाई के बीच बच्चों का भविष्य झूल रहा है Kanpur Dehat News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध
  • Kanpur Dehat News: सरकारी डॉक्टर ने शराब की बोतल के साथ बनाई रील, CHC अधीक्षक की वीडियो वायरल

    Kanpur Dehat News: सरकारी डॉक्टर ने शराब की बोतल के साथ बनाई रील, CHC अधीक्षक की वीडियो वायरल

    Kanpur Dehat News: सरकारी सेवाओं में अनुशासन और मर्यादा की उम्मीद की जाती है, लेकिन उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात जिले के रसूलाबाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के अधीक्षक डॉ. पीयूष त्रिपाठी इन दिनों सोशल मीडिया पर विवादों में घिर गए हैं।

    शराब को ग्लैमराइज करते सरकारी डॉक्टर– Kanpur Dehat News

    एक वायरल वीडियो में डॉ. पीयूष त्रिपाठी शराब की बोतल के साथ रील बनाते हुए नजर आ रहे हैं, जिसमें वो शराब को ग्लैमराइज करते हुए बॉलीवुड गानों पर एक्टिंग करते हैं। वीडियो के बैकग्राउंड में लोकप्रिय डायलॉग्स हैं, जैसे – “मज़ा न आये तो पैसे सुख से ले ले” और “इस दिल में क्या रखा है, तेरा ही दर्द छुपा रखा है”। Kanpur Dehat News

    Kanpur Dehat News

    विडंबना यह है कि वही डॉक्टर जो आम जनमानस को नशे से दूर रहने की सलाह देते हैं, अब खुद शराब की बोतल लेकर रील बना रहे हैं। यह वीडियो सरकारी ड्रेस में नहीं लेकिन सरकारी पद पर रहते हुए सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। Kanpur Dehat News

    https://nationnowsamachar.com/uttar-pradesh/bareilly/bareilly-communal-violence-attempt-foiled-two-arrested/

    स्थानीय लोगों और स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों में इसे लेकर मिश्रित प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। कुछ लोगों ने इसे व्यक्तिगत स्वतंत्रता बताया, जबकि अन्य ने सरकारी अधिकारी से अभद्र आचरण और मर्यादा उल्लंघन का आरोप लगाया।

    हालांकि, स्वास्थ्य विभाग की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। सवाल यह है कि क्या सरकारी सेवा में रहते हुए इस तरह की सोशल मीडिया गतिविधियां स्वीकार्य हैं?