WeatherAlert: दिसंबर के 10 दिन बीत चुके हैं, लेकिन राजधानी में अभी तक कड़ाके की ठंड ने दस्तक नहीं दी है। ऐसे में लोगों के मन में सवाल है कि दिल्ली में ठंड कब पड़ेगी। मौसम विभाग के मुताबिक, अगले हफ्ते से दिल्ली के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
IMD के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से न्यूनतम तापमान में गिरावट आने की संभावना है। सुबह और रात के समय ठंडी हवाएं चलेंगी, जिससे ठिठुरन बढ़ेगी। इसके साथ ही कई इलाकों में घना कोहरा छाने का अनुमान है।
विशेषज्ञों का कहना है कि सप्ताह के मध्य तक तापमान सामान्य से नीचे जा सकता है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और मौसम अलर्ट का पालन करने की सलाह दी गई है। दिल्ली में ठंड कब पड़ेगी—इसका जवाब अगले कुछ दिनों में साफ होता नजर आएगा।
आंध्र प्रदेश। चक्रवात ‘मोंथा (Cyclone Montha)’ एक भीषण चक्रवाती तूफान में तब्दील होकर मंगलवार को आंध्र प्रदेश के काकीनाडा के पास मछलीपट्टनम और कलिंगपट्टनम के बीच तट से टकरा गया। मौसम विभाग ने बुधवार तड़के पुष्टि की कि तूफान ने आंध्र प्रदेश और यानम तटों को पार कर लिया है।
चक्रवात के असर से ओडिशा और आंध्र प्रदेश के 15 जिलों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कोनासीमा जिले के मकानगुडेम गांव में ताड़ का पेड़ गिरने से एक महिला की मौत हो गई। शुरुआती आकलन के मुताबिक, 38,000 हेक्टेयर फसलें और 1.38 लाख हेक्टेयर बागान पूरी तरह तबाह हो गए हैं।
राज्य सरकार ने प्रभावित इलाकों में 219 चिकित्सा शिविर और 865 टन पशु चारे की व्यवस्था की है। अब तक 76,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित राहत शिविरों में पहुंचाया गया है। प्रशासन ने मंगलवार रात 8:30 बजे से बुधवार सुबह 6 बजे तक कृष्णा, एलुरु और काकीनाडा जिलों में वाहनों की आवाजाही रोकने का आदेश दिया था। आपातकालीन मेडिकल सेवाओं को छूट दी गई।
चक्रवात के चलते भारतीय रेलवे ने 120 ट्रेनें रद्द कीं, जबकि विशाखापत्तनम एयरपोर्ट की 32 और विजयवाड़ा की 16 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 29 अक्टूबर तक आंध्र प्रदेश और यानम में भारी से बहुत भारी बारिश जारी रह सकती है।
ओडिशा में भी ‘मोंथा’ के कारण मलकानगिरी, कोरापुट, रायगढ़ा, गजपति, गंजम, कंधमाल, कालाहांडी और नवरंगपुर जिलों में भारी नुकसान हुआ है। कई जगहों पर भूस्खलन, पेड़ उखड़ने और सड़कों के बंद होने की सूचना है। प्रशासन ने राहत कार्य तेज कर दिए हैं और कहा है कि तूफान के गुजरने के बाद नुकसान का पूरा आकलन किया जाएगा।
Dehradun Cloudburst LIVE: देहरादून देहरादून में सोमवार सुबह अचानक आए क्लाउडबर्स्ट ने भारी तबाही मचा दी। तेज बारिश और झूमते पानी की धाराओं ने शहर के कई इलाकों में सड़कें और मकान बहा दिए। स्थानीय लोग अपने घरों से भागकर सुरक्षित स्थान की ओर जाने लगे। आपातकालीन सेवाएं भी प्रभावित हुईं और कई इलाकों में रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा है।आपदा के कारण चारों तरफ पानी का तांडव मचा हुआ है। समाचार एजेंसियों के अनुसार, कई लोग अपने घरों में फंसे हुए हैं और मदद के लिए कॉल कर रहे हैं। रेस्क्यू टीमों ने विशेष ध्यान देकर उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने का प्रयास शुरू कर दिया है।
नगर निगम और आपदा प्रबंधन विभाग ने चेतावनी जारी की है कि लोग अब भी जोखिम वाले क्षेत्रों में न जाएं और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। पुलिस और नागरिक आपदा प्रबंधन टीम ने प्रभावित इलाकों में बचाव और राहत कार्य शुरू कर दिए हैं।
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए भी भारी बारिश की संभावना जताई है। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और नदी या नाले के किनारे न जाने की सलाह दी गई है।
देहरादून के कई हिस्सों में बिजली और संचार सुविधाएं भी बाधित हुई हैं। प्रशासन ने प्रभावित इलाकों में अस्थायी राहत शिविर स्थापित किए हैं, जहां लोगों को भोजन और प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
यह घटना राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन के लिए गंभीर चुनौती पेश कर रही है। रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है और लोगों की सुरक्षा सर्वोपरि रखी जा रही है।